गाजीपुर में पुलिस एनकाउंटर में मारे गए हत्यारोपी कमलेश चौधरी उर्फ कमलेश बिंद के भाई संजय बिंद ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दायर की है. उन्होंन एसडीएम सदर द्वारा जारी ध्वस्तीकरण नोटिस को चुनौती दी है. 

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संजय बिंद ने याचिका में आरोप लगाया कि पुलिस एनकाउंटर पर सवाल उठाने के कारण उन पर दबाव बनाने के लिए नोटिस जारी की गई है. एसडीएम सदर ने बिना नक्शा स्वीकृत कराए अवैध निर्माण को लेकर नोटिस जारी की है. संजय बिंद के साथ शंकर पांडेय, आलोक दुबे और सोनू यादव को भी नोटिस दी गई है. सभी से 12 जून तक जवाब मांगा गया है. संतोषजनक जवाब न मिलने पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू करने की चेतावनी दी गई है.

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एनकाउंटर को फर्जी बताया

याचिका में संजय बिंद ने दावा किया कि पुलिस ने उनके भाई कमलेश को 3 जून को बिहार से उठाकर लाया और 4 जून को फर्जी एनकाउंटर कर दिया. उन्होंने सीबीआई जांच की मांग भी की है. 

सुप्रीम कोर्ट के आदेश का उल्लंघन

याचिका में कहा गया है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार केवल FIR के आधार पर बुलडोजर एक्शन नहीं किया जा सकता. याचिका में डीएम गाजीपुर, एसडीएम सदर गाजीपुर और प्रमुख सचिव गृह को पक्षकार बनाया गया है. 

29 मई को हुई थी विनीत राय की हत्या

बता दें कि 29 मई की रात होटल कारोबारी के बेटे विनीत राय की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. कमलेश चौधरी इस मामले में आरोपी था. एनकाउंटर के बाद हजारों लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया था.

याचिका इलाहाबाद हाईकोर्ट के अधिवक्ता उपेंद्र उपाध्याय के माध्यम से दायर की गई है. संजय बिंद ने नोटिस रद्द करने की मांग की है.

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