महोबा जिले से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. जहां एक किसान को नाग-नागिन के जोड़े ने डस लिया. घटना खेत में सिंचाई के दौरान हुई, लेकिन इसके बाद जो हुआ, उसने सभी को चौंका दिया. किसान को अस्पताल ले जाते समय परिजन मरे हुए नाग-नागिन को भी साथ लेकर पहुंचे.
यह घटना अजनर थाना क्षेत्र के अरघट मऊ गांव की है. 35 वर्षीय किसान नरेंद्र चतुर्वेदी कड़ाके की ठंड के बीच अपने खेत की सिंचाई कर रहे थे. इसी दौरान उनका पैर घास में छिपे जहरीले काले नाग-नागिन के जोड़े पर पड़ गया. तभी अचानक सांपों ने एक-एक कर नरेंद्र के पैर पर डस लिया. जहरीले डसने के बाद नरेंद्र वहीं जमीन पर गिर पड़े और तड़पने लगे.
ग्रामीणों ने मार डाले सांप
घटना देख आसपास मौजूद किसान और परिजन घबरा गए. आनन-फानन में सभी ने लाठी-डंडों से नाग-नागिन को मार डाला. इसके बाद गंभीर हालत में नरेंद्र को लेकर तुरंत जिला अस्पताल की ओर रवाना हुए. लेकिन साथ ही उन्होंने मरे हुए सांपों के जोड़े को भी अपने साथ रख लिया.
जब परिजन किसान को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे और मरे हुए नाग-नागिन को डॉक्टरों के सामने रखा, तो वहां मौजूद मेडिकल स्टाफ और अन्य तीमारदार हैरान रह गए. अस्पताल परिसर में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया. कई लोगों ने इसे अंधविश्वास बताया, तो कुछ ने इसे जागरूकता से जोड़ा.
किसान के भाई अजय चतुर्वेदी ने बताया कि सांपों को अस्पताल लाने के पीछे उनका मकसद अंधविश्वास नहीं था. उनका कहना है कि वे चाहते थे डॉक्टर यह जान सकें कि किस प्रजाति के सांप ने काटा है, ताकि सही एंटी-वेनम देकर इलाज किया जा सके. परिजनों का मानना था कि इससे किसान की जान बचाने में मदद मिल सकती है.
डॉक्टरों ने परिजनों को समझाया कि इलाज में सांप को लाना जरूरी नहीं होता, बल्कि लक्षणों के आधार पर एंटी-वेनम दिया जाता है. फिलहाल नरेंद्र की हालत नाजुक बनी हुई है और उन्हें निगरानी में रखा गया है.