उत्तर प्रदेश महोबा से एक ऐसी विचलित कर देने वाली खबर सामने आई है, जहां महज मोबाइल न मिलने से नाराज होकर कक्षा 7 की छात्रा ने मौत को गले लगा लिया. बड़ी बहन ने मोबाइल देने से मना किया, तो 14 साल की प्राची ने कमरे के अंदर फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली. घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया. सूचना अपर पहुंची पुलिस ने परिजनों से पूछताछ कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा.
इस घटना ने न केवल एक परिवार को उजाड़ दिया है, बल्कि समाज के सामने भी कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. इलाके में इस तरह की पहले कभी कोई घटना नहीं हुई. लिहाजा अभिभावकों के कान खड़े हो गए हैं.
क्या है पूरा मामला ?
जानकारी के मुताबिक, कमलेश राजपूत की पुत्री प्राची कक्षा 7 की छात्रा थी. घटना के वक्त उसकी बड़ी बहन काजल, जो बीए BA की छात्रा है, मोबाइल पर अपनी पढ़ाई कर रही थी. प्राची ने अपनी बहन से फोन मांगा, लेकिन पढ़ाई में व्यस्त होने के कारण काजल ने मना कर दिया. इसी बात को लेकर वो आहत हो गई. किसी को अंदाजा भी नहीं था कि यह छोटी सी जिद मौत का फंदा बन जाएगी. गुस्से में आकर प्राची ने खुद को कमरे के अंदर बंद कर लिया.
काफी देर तक जब अंदर से कोई आहट नहीं आई, तो मां और परिजनों को अनहोनी का अंदेशा हुआ. मोहल्ले वालों की मदद से जब दरवाजा तोड़ा गया, तो सबकी रूह कांप गई,सामने प्राची का शव फंदे से लटक रहा था. मजदूरी के लिए बाहर गए पिता को जब बेटी की मौत की खबर मिली, तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई.
पुलिस ने शुरू की जांच
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. पुलिस अब इस मामले की हर पहलू से बारीकी से जांच कर रही है. लेकिन यह घटना एक बड़ा सबक है कि आज की पीढ़ी में धैर्य की कमी और मोबाइल के प्रति बढ़ता जुनून किस कदर जानलेवा साबित हो रहा है.
