आज देश भर में अलविदा जुमे की नमाज पढ़ी गई, कल यानी 21 मार्च शनिवार को देशभर में ईद का त्योहार धूमधाम के साथ मनाया जाएगा. उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में भी ईद को लेकर तैयारियां जोरों पर हैं, वहीं कानून व्यवस्था को लेकर पुलिस महकमा पूरी तरह अलर्ट मोड पर नजर आ रहा है. जॉइंट पुलिस कमिश्नर (कानून-व्यवस्था) बबलू कुमार ने ईद की तैयारियों की जानकारी दी.
जॉइंट पुलिस कमिश्नर (कानून-व्यवस्था) बबलू कुमार ने ईद के लिए सुरक्षा इंतजामों पर बात करते हुए कहा, "कई खबरें सामने आई हैं जिनमें बताया गया है कि कुछ जगहों पर युवाओं ने बाइक स्टंट किए, जिससे कई हादसे हुए. इसके जवाब में, लखनऊ पुलिस ने एक बड़ा अभियान शुरू किया है."
तेज बाइक चलानों वालों पर होगी कार्रवाई
उन्होंने कहा कि, "हमने सभी संवेदनशील जगहों (हॉटस्पॉट) की पहचान कर ली है और वहां खास टीमें तैनात की हैं; हमने बैरियर लगाए हैं और चेकिंग कर रहे हैं, ताकि तेज रफ्तार बाइक चलाने वालों, बिना साइलेंसर वाली मोटरसाइकिलों और खतरनाक स्टंट करने वाले युवाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सके."
जॉइंट पुलिस कमिश्नर ने कहा कि "जैसा कि आप जानते हैं, कल ईद का त्योहार है, और पिछले एक महीने से, यानी रमज़ान के पवित्र महीने के दौरान, हमारे सभी थाना इंचार्ज और सीनियर अधिकारियों ने अपने-अपने थाना क्षेत्रों में पड़ने वाली धार्मिक जगहों का दौरा किया है. किसी भी पुराने विवाद की जाँच-पड़ताल की गई है और उनकी समीक्षा की गई है."
'नमाज स्थलों पर तैनात किया गया पुलिस बल'
उन्होंने कहा कि, हमने सभी संबंधित पक्षों और धार्मिक नेताओं के साथ बातचीत भी की है और उनके साथ तालमेल बिठाया है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि हर त्योहार सही और शांतिपूर्ण तरीके से मनाया जाए. हमने उन सभी धार्मिक जगहों पर पुलिस बल तैनात किए हैं जहाँ नमाज पढ़ी जाएगी.
QRT यूनिट की गई तैनात
उन्होंन बताया कि इसके अलावा, मोबाइल पेट्रोल यूनिट बनाई गई हैं, और QRT (क्विक रिस्पॉन्स टीम) यूनिट भी तैनात की गई हैं. चूंकि पश्चिमी जोन में 'पुराना शहर' सबसे अहम इलाकों में से एक है जहाँ नमाज पढ़ी जाएगी, इसलिए हमने वहाँ सेक्टर और ज़ोन के हिसाब से सुरक्षा इंतजाम लागू किए हैं. इसके साथ ही, हमने जनता के साथ जो तालमेल और आपसी समझ बनाई है, उससे यह सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी कि पूरा त्योहार शांतिपूर्ण तरीके से मनाया जाए.
आयोजक और धर्म गुरुओं से संवाद
जॉइंट पुलिस कमिश्नर (कानून-व्यवस्था) बबलू कुमार कहते हैं कि, "हमने पुलिस थाने और ACP स्तर पर हर आयोजक और धर्म गुरु से बात की है. और हम लगातार सोशल मीडिया पर नजर रख रहे हैं, ताकि अगर किसी भी तरह की कोई खबर फैलाई जाती है, तो हम उस पर कार्रवाई कर सकें...''
