Haldwani News: सुप्रीम कोर्ट की मुहर के बाद बनभूलपुरा से हटेगा अतिक्रमण, CM धामी की सख्त नीति को मिला समर्थन
Haldwani News In Hindi: प्रशासन ने कहा है कि कि प्रभावित परिवार प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवेदन कर सकेंगे. 19 मार्च को विशेष कैंप लगाया जाएगा, जहां पात्र लोग अपने आवेदन जमा कर सकते हैं.

हल्द्वानी के बनभूलपुरा क्षेत्र में रेलवे भूमि पर अतिक्रमण को लेकर लंबे समय से चल रहा विवाद अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच गया है. सुप्रीम कोर्ट के हालिया आदेश के बाद यह लगभग स्पष्ट हो गया है कि संबंधित भूमि को खाली कराया जाएगा. कोर्ट ने साफ संकेत दिया है कि सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा कर बसे लोग उसी स्थान पर स्थायी रूप से रहने का दावा नहीं कर सकते, उन्हें सरकार की पुनर्वास नीति के तहत वैकल्पिक व्यवस्था स्वीकार करनी होगी.
दरअसल बनभूलपुरा में पिछले कई महीनों से इस मुद्दे को लेकर कानूनी प्रक्रिया चल रही थी. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी लगातार यह कहते आ रहे थे कि प्रदेश में जहां भी अतिक्रमण होगा, उसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और कानून के तहत हटाया जाएगा. अब सुप्रीम कोर्ट के आदेश को उनकी स्पष्ट और दृढ़ नीति के समर्थन के रूप में देखा जा रहा है.
प्रशासन की ओर से जानकारी दी गई है कि प्रभावित परिवार प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवेदन कर सकेंगे. 19 मार्च को विशेष कैंप लगाया जाएगा, जहां पात्र लोग अपने आवेदन जमा कर सकते हैं. जिलाधिकारी स्तर पर पात्रता की जांच की जाएगी और जो लोग योजना की शर्तें पूरी करेंगे, उन्हें आवास उपलब्ध कराया जाएगा. रेलवे लगभग 30 हेक्टेयर क्षेत्र में अपनी सुविधाओं का विस्तार करना चाहता है. लंबे समय से अतिक्रमण के कारण यह परियोजना अटकी हुई थी. अब कोर्ट के आदेश के बाद रेलवे भूमि से कब्जे हटाने की प्रक्रिया तेज होने की संभावना है.
राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में इसे धामी सरकार की सख्त और पारदर्शी कार्यशैली का परिणाम माना जा रहा है. मुख्यमंत्री धामी ने कई मंचों से स्पष्ट कहा था कि विकास कार्यों में बाधा बनने वाले अतिक्रमण को हटाया जाएगा, साथ ही जरूरतमंद और पात्र लोगों के पुनर्वास का भी पूरा ध्यान रखा जाएगा. अब बनभूलपुरा क्षेत्र में लोगों को अपने मकान खाली करने होंगे, जबकि पात्र परिवारों को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत नया आशियाना पाने का अवसर मिलेगा. सुप्रीम कोर्ट की मुहर के बाद प्रशासनिक कार्रवाई तेज होने के आसार हैं.
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