गाजीपुर के जिला मुख्यालय पर उस वक्त हंगामा देखने को मिला जब पुलिस महिला प्रकोष्ठ में पत्नी की ओर से शिकायत दर्ज कराई गई थी. इस शिकायत पर महिला प्रकोष्ठ ने दोनों पक्षों को तलब किया था और दोनों पक्षों के बीच बातचीत हुई, लेकिन जैसे ही वे सड़क पर आए, दोनों पक्षों की महिलाओं ने हंगामा शुरू कर दिया.

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लगभग डेढ़ से दो घंटे हंगामे के बाद महिलाएं आपस में एक दूसरे के बाल खींचकर मारपीट करने की नौबत पर आ गई और यह मारपीट करते-करते जनपद न्यायालय के गेट तक पहुंच गई. जहां न्यायालय में तैनात सुरक्षा कर्मियों ने सभी महिलाओं को एक-दूसरे से अलग कर मामला शांत कराया.

घटना पर पति ने क्या कहा?

वहीं इस मामले में मुंशीलाल से जब बात की गई तो उसने बताया कि उसकी शादी साल 2020 में हुई थी. शादी के बाद वह कमाने के लिए पत्नी के साथ मुंबई चला गया था. वहां एक फैक्ट्री में काम करता था बाद में पत्नी भी काम करने की जिद पर वहां काम करने लगी. 

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इस दौरान उसका किसी युवक से संबंध हो गया. इसकी जानकारी जब मुंशीलाल को हुई तब उसने रंगे हाथ पकड़ने के लिए प्लान बनाया. एक रात जब वह ड्यूटी से सुबह के लगभग 4:00 बजे अपने कमरे पर पहुंचा तब उसने पाया कि उसके कमरे पर उसकी पत्नी के अलावा एक युवक भी सोया हुआ है और फिर उसने इस कारनामे को अपने मोबाइल में रिकॉर्ड किया. वहीं दरवाजा खुलवाकर देखा तो उसने अपनी पत्नी को उस युवक के साथ एक ही कमरे में पाया.

नीले ड्रम के खौफ से पति ने पत्नी को रखने से किया इंकार

इसके बाद वह अपनी पत्नी के साथ गांव वापस आ गया और फिर पत्नी को अपने साथ नहीं रखने की बात कहने लगा. जब परिवार के लोगों ने पूछा कि क्या बात है तब उसने वह वीडियो अपने परिवार के साथ ही अपने ससुराल के लोगों को भी दिखा दिया.

इस मामले में कई बार पंचायत भी हुई लेकिन मामला नहीं बना क्योंकि मुंशीलाल को 'नीले ड्रम' वाला मामला और राजा रघुवंशी की सोनम रघुवंशी के द्वारा की गई हत्या का मामला याद था. इसलिए वह अपनी पत्नी से हर हाल में छुटकारा पाना चाहता था.

महिला प्रकोष्ठ में दोनों को किया तलब 

वहीं, पत्नी उसे छोड़ना नहीं चाहती थी और उसने इसकी शिकायत पुलिस अधीक्षक कार्यालय में किया जिसकी शिकायत पत्र महिला प्रकोष्ठ को भेजा गया था और महिला प्रकोष्ठ ने दोनों पक्षों को आज तलब किया था और पति मुंशीलाल ने वहां पर महिला प्रकोष्ठ में तैनात अधिकारियों को जब वह वीडियो दिखाया तब सभी के सभी निरुत्तर रह गए.

फिर जब दोनों पक्ष वहां से वापस सड़क पर आए तब पत्नी पक्ष वाली महिलाएं मुंशीलाल के मोबाइल को अपने कब्जे में लेने के लिए मारपीट पर उतारू हो गई और सड़क पर घंटों तक हंगामा चलता रहा.