उत्तराखंड के देहरादून में आयोजित चार साल बेमिसाल कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सरकार की उपलब्धियों के साथ-साथ मदरसों और कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर बड़ा बयान दिया. परेड ग्राउंड में आयोजित इस समारोह में उन्होंने स्पष्ट कहा कि राज्य में मदरसों को जिहादी मानसिकता पनपाने वाले अलगाववादी केंद्र नहीं बनने दिया जाएगा और सरकार ऐसे संस्थानों पर सख्त कार्रवाई कर रही है.
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने अवैध मदरसों पर ताला लगाने का काम किया है और अब उन्हें शिक्षा व संस्कार के केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में कदम उठाए जा रहे हैं. उन्होंने घोषणा की कि इस साल जुलाई से प्रदेश के सभी मदरसों में सरकारी बोर्ड से मान्यता प्राप्त पाठ्यक्रम लागू किया जाएगा, ताकि बच्चों को मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़ा जा सके.
74 परियोजनाओं का शिलान्यास किया
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने 401 करोड़ रुपये की लागत से 74 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया. उन्होंने कहा कि चार साल पहले जनता ने मिथकों को तोड़ते हुए उन्हें दोबारा सेवा का मौका दिया था और उन्होंने राज्य आंदोलनकारियों के सपनों के अनुरूप देवभूमि के गौरव को पुनर्स्थापित करने का संकल्प लिया था, जो अब तेजी से पूरा हो रहा है.
सरकार की उपलब्धियों को गिनाया
सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए पुष्कर सिंह धामी ने बताया कि बीते चार वर्षों में राज्य की अर्थव्यवस्था में डेढ़ गुना से अधिक वृद्धि हुई है. पिछले एक साल में जीएसडीपी में 7.23 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जबकि प्रति व्यक्ति आय में 41 प्रतिशत का इजाफा हुआ है. उन्होंने कहा कि राज्य में 20 हजार से अधिक नए उद्योग स्थापित हुए हैं और स्टार्टअप की संख्या 700 से बढ़कर 1750 तक पहुंच गई है.
ढाई लाख से अधिक बनीं लखपति दीदी
महिला सशक्तिकरण पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में 2.65 लाख से अधिक महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बन चुकी हैं। वहीं, रिवर्स पलायन में 44 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है, जो राज्य के लिए सकारात्मक संकेत है.
विपक्ष और पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले खनन, भर्ती और अन्य क्षेत्रों में बड़े घोटाले हुए. उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस शासन में संसाधनों की बंदरबांट होती थी और कई मामलों में भ्रष्टाचार उजागर हुआ. वर्तमान सरकार ने इन पर सख्ती से कार्रवाई की है और 100 से अधिक नकल माफिया जेल भेजे गए हैं.
30 हजार से अधिक सरकारी नौकरी
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि राज्य में 30 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां दी गई हैं और भ्रष्टाचार के खिलाफ “जीरो टॉलरेंस” की नीति अपनाई गई है. उन्होंने कहा कि छोटी मछली हो या बड़ा मगरमच्छ, किसी को भी बख्शा नहीं जा रहा है.
अंत में उन्होंने कहा कि देवभूमि की सांस्कृतिक पहचान और जनसंख्या संतुलन की रक्षा के लिए सरकार प्रतिबद्ध है. इसी दिशा में धर्मांतरण विरोधी और दंगा विरोधी कानून लागू किए गए हैं, साथ ही 12 हजार एकड़ से अधिक सरकारी भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया है.
