उत्तराखंड के देहरादून में हुए ऐंजल चकमा हत्याकांड में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पांच आरोपियों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट पेश कर दी है. इनमें दो नाबालिग भी शामिल हैं. वहीं सूत्रों के अनुसार मामले का मुख्य आरोपी नेपाल के क्षेत्र मे हो सकता है , जिसे पकड़ने के लिए पुलिस रेड कॉर्नर नोटिस जारी करने की तैयारी में जुट गई है.

Continues below advertisement

फरार आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस अब अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों की मदद ले रही है. जांच में सामने आए सीसीटीवी फुटेज, चश्मदीदों के बयान और तकनीकी सबूतों के आधार पर सभी आरोपियों की भूमिका साफ हो चुकी है. चार्जशीट में हत्या और आपराधिक षड्यंत्र जैसी गंभीर धाराएं लगाई गई हैं.

पुलिस सूत्रों के मुताबिक, मुख्य आरोपी वारदात के बाद ही देश छोड़कर नेपाल भागा हो सकता है ,पहले भी उसके खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी किया जा चुका है. अब रेड कॉर्नर नोटिस की तैयारी की जा रही है, ताकि नेपाल पुलिस की सहायता से उसे भारत लाया जा सके.

Continues below advertisement

 दिसंबर को छिड़ा था खूनी संघर्ष

सेलाकुई थाना इलाके में 9 दिसंबर 2025 की शाम एक मामूली बहस ने भयानक रूप ले लिया. कुछ युवकों ने ऐंजल चकमा और उनके भाई पर जानलेवा हमला कर दिया. हमलावरों ने चाकू और लोहे के कड़े से बेरहमी से वार किए, जिससे ऐंजल गंभीर रूप से घायल हो गए. अस्पताल में भर्ती कराए जाने के बाद ऐंजल ने 17 दिनों तक मौत से जंग लड़ी, लेकिन 26 दिसंबर को उन्होंने दम तोड़ दिया. इस बीच पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए दो नाबालिगों समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था.

सबूतों के आधार पर मजबूत मामला

पुलिस ने जांच के दौरान घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग, मौके पर मौजूद लोगों के बयान और डिजिटल सबूतों को इकट्ठा किया है. इन्हीं के आधार पर चार्जशीट तैयार की गई है. पुलिस का कहना है कि रेड कॉर्नर नोटिस जारी होते ही नेपाल की एजेंसियां भी आरोपी को पकड़ने में सहयोग करेंगी. फिलहाल मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं.