समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान के जौहर यूनिवर्सिटी मामले में प्रवर्तन निदेशालय ने 19 अगस्त, बुधवार को छापेमारी की. अब इस मामले में योगी सरकार के मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के नेता ओम प्रकाश राजभर ने सपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं.

Continues below advertisement

राजभर ने कहा कि - सपा के लोग चाहते नहीं कि आजम खान जिन्दा रहें. राजभर ने कहा- इसके लिए अखिलेश यादव और सपा नेता जिम्मेदार हैं. वे नहीं चाहते कि आजम खान जिंदा रहें. ये वही लोग हैं जो रात में योगी आदित्यनाथ से मिलते हैं और दिन में BJP की आलोचना करते हैं. रात में वे उन्हें बताते हैं कि क्या हुआ है और इन चीजों की जांच कराने के लिए कहते हैं, और फिर सुबह छापेमारी शुरू हो जाती है.

अजय राय ने लिया आजम का पक्ष

राजभर ने कहा कि पूरे मामले के लिए जिम्मेवार अखिलेश और उनके चाचा हैं. जब सपा की सरकार थी तो रकम के लेन-देन का लेखा जोखा होना चाहिए.

Continues below advertisement

उधर, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के नेता और उत्तर प्रदेश इकाई के अध्यक्ष अजय राय ने इस मामले में सरकार पर गंभीर आरोप लगाए. राय ने कहा कि आजम खान को परेशान और उन्हें कमजोर करने लिए छापा मारा गया है.

'चाचा और चच्चा देंगे सपा को गच्चा', अखिलेश के दावों पर BJP का पलटवार

बीजेपी क्या बोली?

वहीं बीजेपी विधायक रमेश जायसवाल ने समाजवादी पार्टी के नेता आजम खान की जौहर यूनिवर्सिटी पर ईडी की छापेमारी पर कहा, ED एक स्वतंत्र इकाई होती है. सरकार के अंतर्गत बहुत सारी इकाइयां हैं जो जांच एजेंसी के रूप में काम करती हैं और कहीं न कहीं नियमानुसार काम न होने के कारण जब उसकी जानकारी एजेंसियों को मिलती हैं तो ये अपना काम करती हैं. स्वतंत्र इकाई होती हैं, इस नाते अगर आजम खान जी के यहां अगर ED का रेड पड़ा हुआ है तो कहीं-कहीं ED को पुख्ता सबूत मिले होंगे. कहीं-कहीं ED के पास कुछ ऐसे सबूत हाथ लगे होंगे, इसी कारण ही वहां छापा पड़ा होगा.

बता दें एक बयान में ईडी के अधिकारियों ने कहा कि समाजवादी पार्टी के नेता आजम खान से जुड़ी जगहों पर तलाशी ले रही है. ये जगहें उत्तर प्रदेश के रामपुर और सहारनपुर के साथ-साथ दिल्ली में भी हैं. अधिकारियों के मुताबिक, जिन जगहों पर तलाशी ली जा रही है, उनमें ट्रस्ट और जौहर अली यूनिवर्सिटी भी शामिल हैं.