शंकारचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर यौन शोषण के आरोप लगाने का मामला तब तूल पकड़ता जा रहा है. ज्यादातर संत समाज ने इस पर नाराजगी जाहिर की है. इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश एक मथुरा में श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर केस के याचिकाकर्ता और संत दिनेश शर्मा उर्फ़ फलाहारी महाराज ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पत्र लिखकर इस मामले की सीबीआई जांच की मांग की है. उन्होंने कहा कि अगर सीबीआई जांच नहीं कराई गयी तो वे इच्छामृत्यु चुन लेंगे.

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फलाहारी महाराज ने इसे शंकराचार्य के खिलाफ षड्यंत्र बताया और कहा कि आरोप लगाने वाला आशुतोष ब्रहमचारी खुद अपराधी है और उस पर कई मामले दर्ज हैं. इसके पीछे कुछ और मंशा है, जिसकी जांच आवश्यक है. यही नहीं उन्होंने इसे सनातन धर्म की छवि खराब करने वाला बताया.

आशुतोष ब्रह्मचारी को बताया हिस्ट्रीशीटर

फलाहारी महाराज ने कहा कि शिकायतकर्ता आशुतोष ब्रह्मचारी उर्फ आशुतोष पांडेय एक हिस्ट्रीशीटर और गौकशी करने वाला अपराधी है, जिसने फेमस होने या मोटी रकम ऐंठने के लिए नाबालिग बच्चों को प्रलोभन देकर शंकराचार्य को फंसाया है. यह व्यक्ति  अपने लिए जेड सुरक्षा पाने के लिए  पहले भी स्वयं अपने ऊपर जानलेवा हमला होने का नाटक कर चुका है. ये अपराधी फर्जी तरीके से अपने ऊपर पाकिस्तान से धमकी भरे काल करा लेता है. शंकराचार्य जी निर्दोष है इसलिए  इस पूरे प्रकरण की सीबीआई जांच कराना जरुरी है.

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पत्र की प्रमुख मांगें

1-शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद जी निर्दोष हैं और सनातनी हिंदुओं का गौरव हैं. प्रधानमंत्री मोदी भी सनातन धर्म के समर्थक हैं, इसलिए इस मामले की CBI जांच जरूरी है.

2- शामली जिले के कांधला थाने का हिस्ट्रीशीटर आशुतोष ब्रह्मचारी ने गौकशी और अन्य अपराधों के इतिहास के साथ यह षड्यंत्र रचा है.

3-आशुतोष का भाई भी गैंगस्टर है. यह व्यक्ति पहले प्रेमानंद महाराज से धन ऐंठने के लिए झूठे आरोप लगा चुका है.

4-आशुतोष ने जेड सुरक्षा पाने के लिए खुद पर जानलेवा हमला होने का नाटक किया और फर्जी पाकिस्तान से धमकी भरे कॉल कराए हैं.

5-दर्जनों आपराधिक केसों में फंसे आशुतोष ब्रह्मचारी की भी CBI जांच होनी चाहिए.

6-सनातन धर्म की छवि खराब करने वाले इस हिस्ट्रीशीटर के कारण पूरे मामले की गहराई से जांच जरूरी है.

बहरहाल शंकराचार्य पर इस तरह के आरोपों का मामला अब तूल पकड़ चुका है. कई प्रमुख संतों ने इसकी निंदा करते हुए आशुतोष ब्रह्मचारी पर कार्रवाई की मांग की है.