उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बिहार स्थित पूर्णिया ने निर्दलीय सांसद पप्पू यादव पर हुए हमले को लेकर भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है. समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है कि बीजेपी, यादव की लोकप्रियता को पचा नहीं पा रही है. कन्नौज सांसद के बयान से संकेत मिल रहे हैं कि वह इस हमले में बीजेपी को शामिल मान रहे हैं.
सपा चीफ ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला से भी मांग की है कि वह इस मामले का संज्ञान लें. हिंसा हार के डर से जन्म लेती है.
सोशल मीडिया साइट एक्स पर सपा चीफ ने लिखा कि बीजेपी हताश है इसीलिए देश के बच्चों के बाद अब सांसद तक पर प्राणघातक हमले करवा रही है. उनकी प्रेस कांफ्रेंस में एक हमलावर के चाकू लेकर पहुँचने की घटना बेहद गंभीर मामला है और माननीय सांसद की सुरक्षा में लगे सरकारी महकमे की भारी चूक भी. जाँच हो.
उन्होंने लिखा कि जनप्रिय सांसद पप्पू यादव की लोकप्रियता, बीजेपी पचा नहीं पा रही है क्योंकि बीजेपी अपने कुकृत्यों की वजह से हर तरह से बदनाम हो चुकी है. लोकसभा अध्यक्ष संज्ञान लें! पप्पू यादव सदैव यूं ही सक्रिय रहें.
पप्पू यादव पर जिस चाकू से हुआ हमला, सामने आई उसकी तस्वीर
मैंने क्या अपराध किया है?- पप्पू यादव
उधर, इस हमले के बाद पप्पू यादव ने कहा कि मैं यहां इसलिए आया क्योंकि कल रात वे मेरे बच्चों के घर गए थे. अब आप मेरे बच्चों को भी डराने-धमकाने की कोशिश कर रहे हैं. ऐसा नहीं होगा. मैं प्रेस के साथ था और बातचीत चल रही थी. उसी दौरान मुझे मारने की कोशिश की गई. कोई 'बाबा' कह रहा था, 'इसे ज़िंदा जला दो,' जबकि दूसरे कह रहे थे, 'इसे मार डालो.' अगर लोग वहां नहीं होते, तो मेरा काम तमाम हो जाता. मैंने कुछ नहीं कहा.
उन्होंने कहा कि मैंने बस चंपत राय या गिरी जी से पूछा कि 200 किलो चांदी कहां गई? सोना कहां गया? दिल्ली पुलिस काफी सक्षम है. मैं काफी समय से सुरक्षा की मांग कर रहा हूं. मैंने क्या अपराध किया है?
