टोंक में मुस्लिम महिला से कंबल लेने के मामले में BJP विधायक बालमुकुंद का बयान, कहा- 'उनके इस कदम...'
Tonk Blanket Controversy: मुस्लिम महिलाओं को कंबल देने से रोकने के मामले में BJP विधायक बालमुकुंद आचार्य की प्रतिक्रिया आई है.उन्होंने कहा कि पार्टी किसी भी तरह के भेदभाव में विश्वास नहीं रखती.

राजस्थान के टोंक जिले में बीजेपी के पूर्व सांसद सुखवीर जौनपुरिया पर धार्मिक आधार पर मुस्लिम महिलाओं को कंबल लेने से रोकने और फटकार लगाकर भगाने का आरोप लगा है. इस मामले पर राजनीतिक बयानबाजी शुरू हो गई है, वहीं अब इस घटना के सामने आने के बाद पार्टी बैक फुट पर नजर आ रही है.
क्या है पूरा मामला?
बताया जा रहा है कि टोंक में कंबल वितरण कार्यक्रम के दौरान कुछ मुस्लिम महिलाओं को कथित तौर पर रोक दिया गया और उन्हें डांटकर वहां से भेज दिया गया. इस घटना का वीडियो और खबर सामने आते ही राजनीतिक हलकों में चर्चा शुरू हो गई. मीडिया और सोशल मीडिया पर इसे धार्मिक भेदभाव से जोड़कर देखा जा रहा है. हालांकि स्थानीय स्तर पर घटना के अलग-अलग पहलू भी सामने आ रहे हैं, जिनकी आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है.
बीजेपी विधायक बालमुकुंद आचार्य का बयान
बीजेपी विधायक बालमुकुंद आचार्य ने मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बीजेपी और उसकी सरकार बिना किसी भेदभाव के काम करती हैं. उन्होंने स्पष्ट किया कि पार्टी इस तरह के भेदभावपूर्ण कार्यों में विश्वास नहीं रखती है. उन्होंने यह भी कहा कि इस घटना को धर्म से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए. जानकारी मिली है कि कंबल लेने के बाद कुछ महिलाएं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर अनर्गल बातचीत कर रही थीं.
आचार्य के अनुसार संभव है कि पूर्व सांसद को इसी बात पर गुस्सा आ गया हो. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हम सभी के नेता हैं और उनके बारे में गलत बातें सुनना स्वाभाविक रूप से आपत्तिजनक हो सकता है.
राजनीतिक प्रतिक्रिया और आगे की स्थिति
विधायक ने दोहराया कि बीजेपी और उसकी सरकारें बिना किसी भेदभाव और तुष्टीकरण के काम करती हैं. सभी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों को बराबरी से दिया जाता है और किसी के साथ भेदभाव नहीं होता है. उन्होंने कहा कि जिस तरह की बातें मीडिया और सोशल मीडिया पर कही जा रही हैं, वह उचित नहीं हैं. साथ ही यह भी कहा कि पूर्व सांसद के उस कदम के पीछे क्या वजह थी, इसकी पूरी जानकारी सामने आनी चाहिए. फिलहाल इस पूरे घटनाक्रम को लेकर सियासत गरमा गई है.
Source: IOCL
























