पिण्डवाड़ा उपखंड क्षेत्र के झाड़ोली में कॉलेज आवंटन का मुद्दा तूल पकड़ता जा रहा है. सिरोही जिले के जनापुर क्षेत्र के ग्रामीणों ने शुक्रवार (26 सितंबर) को आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर का बहिष्कार कर विरोध दर्ज कराया. शिविर में 18 विभागों के अधिकारीकर्मचारी मौजूद रहे, लेकिन एक भी ग्रामीण मौके पर नहीं पहुंचा.

ग्रामीणों का साफ कहना है कि जब तक झाड़ोली में कॉलेज आवंटन निरस्त कर कॉलेज जनापुर में नहीं बनाया जाएगा, तब तक यह आंदोलन थमेगा नहीं. शिविर स्थल पर ग्रामीणों ने प्रशासन और बीजेपी जनप्रतिनिधियों के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की. ग्रामीणों ने दो टूक कहा है कि यदि सरकार ने जल्द ही जनापुर में कॉलेज निर्माण की घोषणा नहीं की, तो यह आंदोलन व्यापक जन आंदोलन का रूप ले लेगा.

ग्रामीणों का आक्रोश, सेवा शिविर का बहिष्कार

जनापुर के ग्रामीणों ने साफ कहा कि जब तक झाड़ोली में कॉलेज आवंटन निरस्त कर कॉलेज जनापुर में ही नहीं बनाया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा. ग्रामीणों ने प्रशासन व जनप्रतिनिधियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की.

'पहले जनापुर में हुआ था आवंटन'

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार ने पहले कॉलेज का आवंटन जनापुर में किया था और वहां पर कार्य भी शुरू हो चुका था. परकोटे तक बना दिए गए थे. बावजूद इसके अचानक कॉलेज को झाड़ोली स्थानांतरित कर दिया गया, जो कि पूरी तरह गलत है.

परिवहन और सुविधा का मुद्दा

ग्रामीणों का कहना है कि झाड़ोली तक सीधी परिवहन सुविधा उपलब्ध नहीं है. ऐसे में विद्यार्थियों को कॉलेज तक पहुंचने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा. दूसरी ओर जनापुर गांव राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़ा हुआ है, जहां परिवहन सुगमता से उपलब्ध रहता है. इससे विद्यार्थियों को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी.

प्रशासनिक अधिकारियों के बयान

अतिरिक्त विकास अधिकारी जितेंद्र राणावत ने बताया कि ग्रामीणों ने आज ग्रामीण सेवा शिविर का बहिष्कार किया है. उनकी मांग है कि कॉलेज जनापुर में ही बने. जब तक झाड़ोली में आवंटन निरस्त नहीं होगा, तब तक विरोध जारी रहने की संभावना है.

ग्रामीणों की चेतावनी

ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि कॉलेज को जनापुर में बनाने की घोषणा जल्द नहीं की गई, तो आने वाले दिनों में यह विरोध बड़ा जन आंदोलन का रूप ले सकता है.