राजस्थान सरकार ने सीबीआई जांच की सिफारिश पर विचार करने की बात कही. राज्य के कानून और संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा कि अगर सीबीआई जांच को लेकर जनता की तरफ से मांग आती है तो सरकार नियमों के मुताबिक उस पर जरूर विचार करेगी. उन्होंने यह भी कहा कि अभी तक इस मामले में तथ्यात्मक रिपोर्ट सामने नहीं आई है. इस वजह से सरकार ने अभी कोई विचार नहीं किया है 

माना यह जा रहा है कि अगर साध्वी की संदिग्ध मौत का मामला तूल पकड़ता है तो राजस्थान की भजनलाल शर्मा सरकार सीबीआई जांच की सिफारिश कर सकती है. राज्य सरकार को साध्वी की मौत से जुड़ी प्रारंभिक रिपोर्ट सोमवार को प्राप्त होगी. कहा जा सकता है कि राजस्थान सरकार इस चर्चित मामले में नजर बनाकर रखे हुए हैं.

28 जनवरी को हुई संदिग्ध मौत

संदिग्ध परिस्थितियों में बुधवार (28 जनवरी) को साध्वी की मौत हो गई. जोधपुर के आश्रम में तबीयत बिगड़ने पर उन्हें एक निजी अस्पताल ले जाया गया था जहां डॉक्टरों ने उनको मृत घोषित कर दिया. साध्वी के पिता ने दावा किया है कि प्रेम बाईसा को गलत इंजेक्शन दिया गया था. 

निधन के बाद सामने आया सोशल मीडिया पोस्ट

साध्वी के निधन के बाद एक सोशल मीडिया पोस्ट हुआ. इस पोस्ट में उनके जीवन का आखिरी दिन होने का जिक्र है और जो आत्महत्या की ओर इशारा करता है. दूसरी तरफ शक की सुई उनके पिता पर भी उठ रहे हैं क्योंकि मौत के बाद साध्वी के पिता ने पहले पोस्टमार्टम से इनकार कर दिया. इसके बाद आश्रम के बाहर भारी हंगामा हुआ. साध्वी के भक्तों और स्थानीय लोगों ने सच्चाई छुपाने का आरोप लगाया है. उधर साध्वी के अनुयायियों ने इंसाफ की मांग करते हुए CBI जांच की मांग की. 

पूरे विधि-निधान के साथ दी गई समाधि

साध्वी प्रेम बाईसा को आज उनके पैतृक गांव परेऊ में पूरे विधि-निधान के साथ समाधि दी गई. इस दौरान बड़ी संख्या में साधु-संत उनके गांव में मौजूद रहे और पूरे विधि-विधान के साथ साध्वी को समाधि देने की रस्म पूरी की गई. उनकी समाधि देने के समय साध्वी प्रेम बाईसा के अनुयायी भी मौजूद रहे. पूरा माहौल शोक के साथ भक्तिमय बना रहा. साध्वी के पार्थिव शरीर के समाधि स्थल पहुंचने तक लगातार वहां भजन होता रहा.

अपने ऊपर लगे आरोपों पर पिता ने क्या कहा?

साध्वी को समाधि दिए जाने के बाद उनके पिता विरमनाथ का बयान आया है. उन्होंने साध्वी को एक्सपायरी डेट वाला या गलत इंजेक्शन दिए जाने का आरोप लगाया. साध्वी के पिता ने ये भी दावा किया है कि पुलिस ने एक संदिग्ध को हिरासत में लिया है जो आश्रम के पास ही रहने वाला व्यक्ति है. साथ ही खुद के ऊपर लग रहे आरोपों का भी विरमनाथ ने जवाब दिया औऱ कहा है कि वो हर तरह की जांच के लिए तैयार हैं.