राजस्थान के भरतपुर जिले के बयाना कस्बे में दीपावली के त्यौहार के दिन लगभग 150 लोगों ने जमीन विवाद को लेकर ज्ञापन देने पहुंचे थे, लेकिन अचानक लोगों ने भरतपुर-करौली स्टेट हाईवे पर चक्का जाम कर विरोध प्रदर्शन शुरू किया था. जाम की सूचना पर जब पुलिस मौके पर पहुंची और समझाइश करने लगी तो प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर हमला करते हुए पथराव कर दिया था. प्रदर्शनकारियों के पथराव से पुलिस की दो गाड़ियां क्षतिग्रस्त हो गई और कई पुलिसकर्मियों को चोट आई थी. हंगामा और पुलिस पर हमला करने वाली यह वारदात कैमरे में कैद हो गई.
27 लोगों को किया है गिरफ्तार
पुलिस पर हमला करने वाले लोगों के खिलाफ आज पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 27 लोगों को गिरफ्तार किया है. साथ ही दो नाबालिगों को दस्तयाब किया है. पुलिस ने दो महिलाओं को उसी दिन गिरफ्तार कर लिया था. पुलिस थाने के अंदर गिरफ्तार किये गए आरोपी हाथ जोड़कर माफ़ी मांगने लगे और कहने लगे कि आज के बाद पुलिस पर हमला नहीं करेंगे.
जमीन विवाद को लेकर दो पक्षों में हुआ था झगड़ा
गौरतलब है की भरतपुर के गढ़ी बाजना थाना क्षेत्र के गांव सेउपूरा में विगत 20 अक्टूबर को दिवाली त्यौहार के दिन जमीन विवाद को लेकर दो पक्षों में झगड़ा हुआ था. उसके बाद एक पक्ष अपने रिश्तेदारों और ग्रामीणों की लगभग 150 से ज्यादा की संख्या में भीड़ इकट्ठी कर बयाना ज्ञापन देने के लिए आये थे. यहां भीड़ ने भीमनगर तिराहे पर चक्का जाम कर दिया और प्रदर्शन करने लगे.
कानून व्यवस्था बनाये रखने और प्रदर्शनकारियों को समझाइश करने के लिए जब पुलिस अधिकारी टीमों के साथ पहुंचे तो लोगों ने पुलिस पर हमला शुरू करते हुए पथराव कर दिया. इस हमले में पुलिस की दो गाड़ियां क्षतिग्रस्त हो गई साथ ही कई पुलिस कर्मी घायल हुए थे.
बयाना थाना के एएसआई बिजेंद्र सिंह ने बताया की 20 अक्टूबर को दिवाली के दिन सैकड़ों की संख्या में लोगों ने स्टेट हाईवे पर जाम लगा दिया था. प्रदर्शनकारियो ने पुलिस पर पथराव किया जिसमें पुलिस की गाड़ियां क्षतिग्रस्त कर दी और कई पुलिस कर्मी चोटिल हुए थे. आज 27 लोगों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया है जहां से उनको मजिस्ट्रेट ने जेल भेजने के निर्देश दिए है.