ACB Raids In Kota: एक सप्ताह पहले कोटा संभागीय आयुक्त की कमान संभालने वाले वर्ष 2010 बैच के आईएएस अफसर राजेंद्र विजय के ठिकानों पर एसीबी की रेड पड़ी है. उन्हें कुछ देर में सरकार ने एपीओ कर दिया है. अब कोटा के कलेक्टर वर्ष 2016 बैच के आईएएस अफसर डॉ रविंद्र गोस्वामी अतरिक्त कार्यभार देखेंगे.
राजेंद्र विजय राजस्थान के सीनियर आईएएस अफसर हैं. उन्हें जल्द ही कोटा का संभागीय आयुक्त बनाया गया था. लेकिन राजेंद्र विजय के ठिकानों पर बुधवार सुबह भ्रष्टाचार निरोधक (ACB) की टीमों ने रेड की है. संभागीय आयुक्त राजेंद्र विजय के कोटा में दो और जयपुर के एक ठिकानों पर सर्च हुई है. वहीं दौसा में उनके पैतृक घर को फिलहाल सील कर दिया गया.
मिली थी शिकायतजानकारी के अनुसार राजेंद्र विजय के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति की शिकायत थी. जिसपर एजेंसी लंबे समय से विजय पर नजर रखी हुई थी. ACB ने मंगलवार को कोर्ट में अपनी जांच रिपोर्ट और शिकायत को रखा. इसके आधार पर कोर्ट ने सर्च के आदेश दिए थे.
कब हुई कार्रवाईसंकेत मिलने के बाद बुधवार (2 अक्टूबर) सुबह 6:30 बजे से राजेंद्र विजय के चार ठिकानों पर एसीबी ने सर्च करना शुरू किया था. इसकी मॉनिटरिंग एसीबी मुख्यालय से की जारी है. दरअसल, राजेंद्र विजय 25 सितंबर को ही कोटा संभागीय आयुक्त का पद संभाला था.
राजेंद्र विजय का घर दौसा जिले के दुब्बी गांव में है. एसीबी ने सुबह दुब्बी में उनके घर पहुंची तो गांव में हलचल बढ़ गई थी. डिप्टी एसपी नवल मीणा ने कार्रवाई करते हुए उनके मकान को सील कर दिया था. जानकारी के अनुसार कार्रवाई के दौरान विजय के पैतृक घर पर कोई मौजूद नहीं था. इस घटना के बाद से यहां के प्रशासनिक महकमे में हलचल तेज है.
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