पंजाब में फरवरी 2027 में होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने अभी से अपनी पूरी ताकत झोंक दी है. पार्टी ने पंजाब में चुनाव प्रचार और सियासी जमीन मजबूत करने की अहम जिम्मेदारी हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को सौंपी है.
बात चाहे राजनीतिक रैलियों की हो या किसी खास शख्सियत को पार्टी में शामिल कराने की, सीएम सैनी अब पंजाब बीजेपी के कार्यक्रमों का मुख्य चेहरा बनकर उभर रहे हैं.
पगड़ी और पंजाबी से बना रहे जनता से जुड़ाव
पंजाब की जनता के बीच अपनी अपील बढ़ाने और उनसे सीधा कनेक्ट स्थापित करने के लिए नायब सिंह सैनी खास रणनीति अपना रहे हैं. वे पंजाब के कार्यक्रमों में सिर पर पगड़ी बांधकर पहुंच रहे हैं और लोगों को ठेठ पंजाबी भाषा में ही संबोधित कर रहे हैं.
इसी कड़ी में आज चंडीगढ़ स्थित पंजाब बीजेपी मुख्यालय में उनके नेतृत्व में 'हिंदुस्तान स्टूडेंट यूनियन' के कई छात्र नेता पार्टी में शामिल हुए. इसके अलावा आज सीएम सैनी अमृतसर में बीजेपी के तीन अलग-अलग कार्यक्रमों में शिरकत कर रहे हैं. इससे पहले हाल ही में उन्होंने मुक्तसर के माघी मेले में हुई बीजेपी की राजनीतिक कॉन्फ्रेंस का भी सफलतापूर्वक नेतृत्व किया था.
विज्ञापनों पर खर्च कर रही AAP, वादे रहे अधूरे: सैनी
अपने संबोधन के दौरान सीएम सैनी ने पंजाब की आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर तीखा हमला बोला. उन्होंने राज्य में बढ़ती नशे की तस्करी, गैंगस्टरों के खौफ और बिगड़ती कानून-व्यवस्था को लेकर मान सरकार को कठघरे में खड़ा किया. सैनी ने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार असल मुद्दों पर काम करने और नशे पर नकेल कसने में पूरी तरह विफल रही है और अपना ज्यादातर पैसा सिर्फ विज्ञापनों (Advertisement) पर खर्च कर रही है.
उन्होंने वादों की तुलना करते हुए कहा कि पंजाब में महिलाओं को 1000 रुपये प्रति माह और बुजुर्गों को 2500 रुपये वृद्धावस्था पेंशन देने का वादा आज तक पूरा नहीं हुआ है. इसके उलट, हरियाणा की बीजेपी सरकार ने अपना वादा निभाते हुए महिलाओं को 2100 रुपये और बुजुर्गों को 3200 रुपये पेंशन देना शुरू कर दिया है. इसके साथ ही उन्होंने किसानों के मुद्दे पर भी पंजाब सरकार को जमकर घेरा.
AAP और कांग्रेस ने उठाए सवाल, SYL का मुद्दा गरमाया
नायब सिंह सैनी की पंजाब में बढ़ती सक्रियता से राजनीतिक पारा चढ़ गया है. आम आदमी पार्टी ने सैनी पर तंज कसते हुए कहा है कि वे पंजाब की चिंता छोड़कर पहले अपना हरियाणा संभालें. AAP की एक विधायक ने तो यहां तक आरोप लगाया है कि संगरूर में एक व्यक्ति ने उन्हें सैनी से मिलवाने और बीजेपी में शामिल होने का लालच दिया था (हालांकि, सीएम सैनी ने इन आरोपों को सिरे से नकार दिया है).
दूसरी तरफ, पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने पानी का मुद्दा उठाते हुए लोगों से अपील की है कि वे नायब सिंह सैनी के कार्यक्रमों का बहिष्कार करें. वड़िंग ने आरोप लगाया है कि सैनी SYL (सतलुज-यमुना लिंक) नहर के जरिए पंजाब का पानी हरियाणा ले जाना चाहते हैं.
