सोशल मीडिया पर अचानक सुर्खियों में आने वाली कॉकरोच जनता पार्टी को लेकर लगातार चर्चा जारी है. इस बीच CJP की ओर से प्रवक्ताओं के नामों का ऐलान किया गया है. इसमें किसी महिला को प्रवक्ता नहीं बनाया गया है. अब इस पर उद्धव गुट की नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने प्रतिक्रिया दी है.
शिवसेना (UBT) नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा, ''तो कॉकरोच जनता पार्टी की शुरुआत संस्थापक, सह-संस्थापक और प्रवक्ता के रूप में 100 फीसदी पुरुष प्रतिनिधित्व के साथ हुई है. ठीक है, आगे की बातें जानने के लिए बेसब्री से इंतजार है.''
सीजेपी में कोई महिला प्रवक्ता न होने पर क्या बोले अभिजीत?
वहीं, कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर अभिजीत दीपके ने सीजेपी में किसी महिला प्रवक्ता के शामिल न करने के पीछे की वजह बताई है. उन्होंने कहा, ''हमने अपनी महिला टीम सदस्यों को यह भूमिका निभाने का प्रस्ताव दिया था, लेकिन कई महिलाओं ने कहा कि वे लगातार हो रहे ऑनलाइन हमलों और धमकियों के कारण आगे आकर सक्रिय रूप से शामिल हुए बिना ही अपनी भागीदारी निभाना पसंद करेंगी.''
उन्होंने आगे कहा, ''हम उनके इस निर्णय का सम्मान करते हैं. इसके साथ ही, हम उन युवा महिलाओं को आमंत्रित करना चाहते हैं जो इस आंदोलन का हिस्सा बनना चाहती हैं और प्रवक्ता के रूप में आगे आने को तैयार हैं, वे हमसे जुड़ें.''
भारत वापस आ रहे हैं अभिजीत दीपके
बता दें कि कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके अमेरिका से वापस भारत आ रहे हैं. दीपके ने एक वीडियो जारी कर इस संबंध में जानकारी देते हुए कहा है कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रदान का इस्तीफा मांगने के लिए वापस आ रहे हैं. इसके साथ ही कॉकरोच जनता पार्टी ने बताया कि 6 जून को अभिजीत जंतर मंतर पर होने वाले शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन में शामिल होंगे.
कॉकरोच इज बैक नाम के एक्स अकाउंट पर उन्होंने कहा, ''मैंने भारत वापसी का निर्णय लिया है. शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मांगने के लिए मैं अपने देश अपने घर वापस आ रहा हूं. पेपरलीक के कारण इतने दिनों से हम सोशल मीडिया पर आवाज उठा रहे हैं. नीट के बच्चों ने जो आत्महत्या की और जो लाखों स्टूडेंट्स की मेहनत बर्बाद हुई है, उसके लिए तो धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना ही चाहिए. आठ लाख बच्चों ने याचिका पर हस्ताक्षर किए, करोड़ों लोगों ने सोशल मीडिया पर इसका समर्थन किया है.
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