NCP (SP) नेता जयंत पाटिल ने सोमवार को आरोप लगाया कि BJP केंद्र सरकार प्रस्तावित परिसीमन प्रक्रिया के लिए पर्याप्त समर्थन जुटाने के लिए राजनीतिक दलों को तोड़ने की कोशिश कर रही है. पाटिल ने कहा, "सरकार किसी भी कीमत पर यह बिल पास कराना चाहती है. इसलिए हर पार्टी में हेर-फेर किया जा रहा है और ज्यादा से ज्यादा सांसद इकट्ठा करने की कोशिश हो रही है.

Continues below advertisement

परिसीमन से सांसदों और विधायकों की संख्या बढ़ाने की जरूरत पर जयंत पाटिल ने सवाल उठाया. उन्होंने कहा कि मौजूदा संख्या में भी विधायकों को बोलने का मौका नहीं मिलता. संख्या बढ़ाने से महाराष्ट्र और देश की समस्याएं नहीं सुलझेंगी.

'अठावले की जरूर कोई बात हुई होगी...', अब JDU ने कर दिया शरद पवार गुट के NDA में शामिल होने का दावा

Continues below advertisement

कुशल प्रशासन ज्यादा जरूरी

जयंत पाटिल ने कहा कि ज्यादा विधायकों की बजाय कुशल प्रशासन की जरूरत है. उन्होंने दल-बदल के खतरे पर भी चिंता जताई और कहा कि हर पार्टी पर अलग-अलग दबाव पड़ते हैं.

कांग्रेस में विलय पर साफ इनकार

शिवसेना (UBT) नेता संजय राउत के कांग्रेस में विलय के सुझाव पर पाटिल ने कहा कि NCP (SP) में ऐसी कोई चर्चा नहीं चल रही है. INDIA ब्लॉक में प्रधानमंत्री पद के चेहरे पर भी अभी पार्टी में कोई बात नहीं हुई है. NCP (SP) के पूर्व मंत्री जयंत पाटिल ने ‘अल नीनो’ के कारण महाराष्ट्र में सूखे की आशंका पर चिंता जताई. उन्होंने कहा कि सरकार को सभी संबंधित पक्षों को साथ लेकर तैयारी शुरू करनी चाहिए.

शिंदे गुट ने बढ़ा दी उद्धव गुट की टेंशन!, '...तो मतलब साफ है, वहां पर सब कुछ ठीक नहीं'