Mumbai News: महाराष्ट्र के मुंबई के भाईंदर पूर्व से एक बेहद दर्दनाक और चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है. महज 9 साल के एक बच्चे ने अपने ही पिता पर अमानवीय शारीरिक और मानसिक उत्पीड़न का गंभीर आरोप लगाया है. बच्चे के शरीर पर गर्म इस्त्री से जलाने के निशान, डंडे से पिटाई और भूखा रखने के सबूत मिलने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
पीड़ित बच्चा उत्तर प्रदेश के मथुरा स्थित भक्ति वेदांता गुरुकुल एंड इंटरनेशनल स्कूल में तीसरी कक्षा का छात्र है और स्कूल के छात्रावास में रहता है. बच्चे के मुताबिक, उसके पिता साल 2021 से पढ़ाई में छोटी-छोटी गलतियों पर उसे बेरहमी से पीटते थे. साल 2024 में उसकी मां की कैंसर से मौत हो गई, जिसके बाद वह पहले से ही मानसिक रूप से टूट चुका था. इसके बाद आगे की पढ़ाई के लिए उसे वृंदावन के गुरुकुल भेज दिया गया.
डंडे, घूंसे और लातों से पीटा
बच्चे ने बताया कि 20 दिसंबर 2025 को जब वह स्कूल की छुट्टी में भाईंदर पूर्व स्थित घर आया तो उसके पिता ने पढ़ाई और खाने को लेकर लगातार मारपीट की. कभी उसे भरपेट खाना नहीं दिया जाता था और कभी जबरदस्ती ज्यादा खाना खिलाया जाता था. विरोध करने पर उसे डंडे, घूंसे और लातों से पीटा जाता था. आरोप है कि गुस्से में पिता ने गर्म इस्त्री से उसके शरीर को जलाया, जिससे उसके शरीर पर कई जगह जख्म और जलने के निशान पड़ गए.
बच्चे का यह भी कहना है कि इलाज के लिए उसे डॉक्टर के पास नहीं ले जाया गया, बल्कि घर पर ही मरहम लगाया जाता था. उसे घर से बाहर निकलने की इजाजत नहीं दी जाती थी और पिता के बाहर जाने पर दरवाजे पर ताला लगा दिया जाता था.
पुलिस ने पिता के खिलाफ मामला दर्ज किया
6 फरवरी 2026 को जब बच्चा वापस स्कूल पहुंचा, तो शिक्षकों ने उसके शरीर पर जख्मों और जलने के निशान देखे. पूछताछ करने पर बच्चे ने पूरी आपबीती सुनाई. स्कूल प्रशासन ने तुरंत उसके पिता से संपर्क किया, जिस पर पिता ने दावा किया कि ये जख्म गीजर के गर्म पानी से हुए हैं.
हालांकि, स्कूल प्रशासन को संदेह होने पर पुलिस को सूचना दी गई. पुलिस ने पिता के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. साथ ही बच्चे की सुरक्षा और काउंसलिंग के लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं. यह मामला एक बार फिर बच्चों के प्रति घरेलू हिंसा और उनकी सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है.