महाराष्ट्र में शरद पवार की पार्टी एनसीपी-एसपी के सीनियर नेता जयंत पाटील ने हाल ही में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात की थी, जिसके बाद से राज्य में सियासी बयार कुछ तेज हो गई. एनसीपी (अजित पवार गुट) और शरद पवार गुट के बीच मर्जर की अटकलों को भी हवा मिलने लगी. अब जयंत पाटील खुद सामने आए हैं और दोनों दलों मर्जर की बात पर सफाई पेश की है. 

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जयंत पाटील ने एनसीपी के प्रफुल्ल पटेल या सुनीत तटकरे से मुलाकात की अफवाह को खारिज किया है और दावा किया है कि वे इन दोनों नेताओं से कभी नहीं मिले. न ही मर्जर पर किसी तरह की कोई चर्चा हुई. जयंत पाटील का दावा है कि अजित पवार की मौत के बाद से दोनों पार्टियों के विलय पर कोई बात नहीं हुई है. यह नहीं कहा जा सकता कि चर्चा बंद हो गई है क्योंकि चर्चा तो अभी शुरू भी नहीं हुई है.

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परिसीमन बिल को समर्थन देगा शरद पवार गुट?

वहीं, परिसीमन बिल पर शरद पवार गुट के समर्थन की चर्चा के बीच जयंत पाटील ने जानकारी दी, "हमारे साथ ऐसी कोई चर्चा नहीं हुई है. सुप्रिया सुले ने सांसदों से या पवार साहब से बात की होगी. क्या निर्णय हुआ, मुझे पता नहीं. व्यक्तिगत तौर पर मानना है कि एमपी-एमएलए की संख्या बढ़ाने से पहले प्रशासनिक व्यवस्था मजबूत की जानी चाहिए."

सीएम फडणवीस से मुलाकात पर बोले जयंत पाटील

सीएम देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात के बाद जयंत पाटील ने कहा कहा, “मैं अपने विधानसभा क्षेत्र इस्लामपुर के नगराध्यक्ष के अयोग्यता (डिस्क्वालिफिकेशन) के मामले को लेकर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मिलने गया था. जब मैं मुख्यमंत्री के वेटिंग रूम में बैठा था, उस समय सुनील तटकरे और प्रफुल्ल पटेल मुख्यमंत्री के साथ बैठक कर रहे थे. मुझे इस बात की कोई जानकारी नहीं थी कि उनकी मुख्यमंत्री के साथ किस विषय पर चर्चा हो रही थी.”

उन्होंने आगे कहा, “मेरी मुख्यमंत्री से मुलाकात पूरी तरह अलग मुद्दे पर थी. सुनील तटकरे और प्रफुल्ल पटेल की बैठक किस विषय पर थी, इसकी मुझे कोई जानकारी नहीं है. मेरी न तो प्रफुल्ल पटेल और सुनील तटकरे से कोई मुलाकात हुई और न ही हम तीनों की मुख्यमंत्री के साथ कोई संयुक्त बैठक हुई.”

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