मुंबई के मलाड पुलिस स्टेशन ने अंतरराष्ट्रीय नंबरों के जरिए व्हाट्सऐप कॉल और मैसेज कर लोगों को जान से मारने की धमकी देकर करोड़ों रुपये की वसूली मांगने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है. आरोपी खुद को कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग का सदस्य बताकर पीड़ित को डराने और पैसे वसूलने की कोशिश कर रहा था.
मुंबई पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार मलाड इलाके में रहने वाले एक व्यवसायी को लगातार विदेशी नंबरों से व्हाट्सऐप कॉल और मैसेज आ रहे थे. इन संदेशों में आरोपी ने खुद को लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ा बताकर जान से मारने की धमकी दी और करीब 5 करोड़ रुपये की मांग की. लगातार मिल रही धमकियों से परेशान होकर पीड़ित ने मलाड पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई.
इंटरनेट आधारित कॉलिंग सिस्टम से हुई आरोपी की पहचान
शिकायत मिलने के बाद मलाड पुलिस ने मामला दर्ज कर तकनीकी जांच शुरू की. जांच के दौरान मोबाइल नंबरों और इंटरनेट आधारित कॉलिंग सिस्टम (VoIP) के जरिए आरोपी की पहचान और लोकेशन का पता लगाया गया. इसके बाद पुलिस की टीम ने कार्रवाई करते हुए कैलाश ओमप्रकाश अग्रवाल (उम्र 40 साल) नामक आरोपी को गुरुग्राम, हरियाणा से गिरफ्तार कर लिया.
10 दिनों के भीतर आरोपी को गिरफ्तार
प्राथमिक जांच में सामने आया है कि आरोपी अपनी पहचान छिपाने के लिए अलग-अलग अंतरराष्ट्रीय नंबरों और इंटरनेट कॉलिंग तकनीक का इस्तेमाल कर लोगों को धमकाता था. पुलिस ने तकनीकी जांच और सूझबूझ से करीब 10 दिनों के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर मामले का पर्दाफाश किया.
यह पूरी कार्रवाई मलाड पुलिस स्टेशन, वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के मार्गदर्शन में की गई है और मामले की आगे की जांच जारी है. पुलिस इस जांच में जुटी है कि क्या सच में इसका लॉरेंस बिश्नोई गैंग से कोई नाता है और इसके साथी अपराध में सक्रिय हैं या अकेले ही वसूली का यह पैंतरा अपना रहा था.
