Vajramuth Rally: शिवसेना (ठाकरे गुट) पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे ने मुंबई के बीकेसी मैदान में आयोजित वज्रमुठ बैठक में मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की आलोचना की है. इसके बाद एकनाथ शिंदे ने शिवसेना-उद्धव बालासाहेब ठाकरे पार्टी को उखाड़ फेंकने का जिक्र करते हुए इसका जवाब दिया. वे सोमवार (एक मई) को महाराष्ट्र दिवस के अवसर पर कलवा (पश्चिम) में आयोजित एक कार्यक्रम में बोल रहे थे.
क्या बोले एकनाथ शिंदे?एकनाथ शिंदे ने कहा, ''जहां तक नजर जाती है लोग पीछे के हाईवे तक बैठे रहते हैं. दरअसल आज मुंबई में एक मीटिंग है. काफी मशक्कत के बाद लोगों को वहां लाया गया है, लेकिन यहां बिना कुछ किए ही अशोक हांडे का चमत्कार देखने को मिलता है. सच्ची एकता और विकास की वज्रपात यहां देखने को मिलता है. इसलिए मैं उपस्थित सभी थानेकरों का हृदय से स्वागत करता हूं.
मुंबई को कौन तोड़ने वाला है?एकनाथ शिंदे ने कहा, "हम मुंबई में सुधार कर रहे हैं. जब चुनाव आते हैं तो कुछ लोग कहते हैं कि मुंबई टूट जाएगी. मुंबई को कौन तोड़ने वाला है? कोई मुंबई को तोड़ने की हिम्मत नहीं करता. हिम्मत करना भी संभव नहीं है. किसी को यह सपना नहीं देखना चाहिए. मुंबई को तोड़ने की बात कहकर मुंबईकरों का वोट लेने की कोशिश की जा रही है. वह प्रयास सफल नहीं होगा. क्योंकि हम मुंबई में काम कर रहे हैं. मुंबईकर जानते हैं कि मुंबई बदल रहा है."
एकनाथ शिंदे का बयानएकनाथ शिंदे ने आगे कहा, ''महाराष्ट्र के लोग आरोप-प्रत्यारोप, नीची भाषा पसंद नहीं करते. तो यह पेट दर्द शुरू हो गया है. जैसे-जैसे यह पेट दर्द बढ़ता ही जा रहा है, हमने बालासाहेब ठाकरे अस्पताल भी तैयार किया है . उन्हें वहां जाना चाहिए और मुफ्त दवा लेनी चाहिए.”
उद्धव ठाकरे पर कसा तंजउद्धव ठाकरे पर तंज कसते हुए एकनाथ शिंदे ने कहा, कई लोगों का मुख्यमंत्री बनने का सपना होता है. सुबह मुख्यमंत्री बनने का सपना देखता है, दोपहर में सपना देखता है और शाम को भी. वे भ्रमित हैं और नहीं जानते कि क्या कहें. उन्हें सपने देखते रहने दो. आखिरकार, यह जनता जनार्दन के हाथों में है कि वह विधायक है या मुख्यमंत्री, किसे स्थापित करना है और किसे हटाना है.”