पुणे के दौंड के यवत गांव में दो गुटों में भयंकर झड़प हो गई. शुरुआती जानकारी के मुताबिक, ये सबकुछ एक विवादित पोस्ट को लेकर हुआ. पिछले हफ्ते छत्रपति शिवाजी महाराज की मूर्ति से छेड़छाड़ की खबर आई जिसको लेकर इलाके में तनाव था. सोशल मीडिया पर विवादित पोस्ट से लोगों का गुस्सा और भड़क गया. भीड़ ने एक मस्जिद पर पहले पथराव किया. साथ ही साथ भीड़ ने मस्जिद पर भगवा झंडा फहरा दिया. इलाके में आगजनी हुई है. पुलिस को भीड़ को तीतर-बीतर करने के लिए आंसू गैस के गोले तक दागने पड़े हैं.
क्या है पूरा मामला?
यवत इलाके में बीते 27 जुलाई को एक युवक द्वारा कथित तौर पर छत्रपति शिवाजी महाराज की मूर्ति तोड़ने और इस मामले में कल (31 जुलाई) को एक आपत्तिजनक फोटो सोशल मीडिया पर वायरल करने का आरोप है. इसके बाद ये पूरा बवाल शुरू हुआ. आज (1 अगस्त) इस बवाल ने हिंसक रूप ले लिया. भीड़ आपत्तिजनक पोस्ट करने वाले युवक के घर पहुंची. घर में जाकर भीड़ ने तोड़फोड़ की. पुलिस के भगाने पर भीड़ मस्जिद के सामने पहुंच गई. मस्जिद की मीनार पर छत्रपति शिवाजी महाराज की तस्वीर वाला भगवा झंडा लहरा दिया गया. उपद्रवियों की भीड़ के सामने जो कुछ आया उसको आग के हवाले कर दिया.
सीएम देवेंद्र फडणवीस ने क्या कहा?
पुणे में बवाल की घटना पर सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा, "मैंने भी इस मामले की जानकारी ली है. इसके अनुसार, किसी बाहरी व्यक्ति द्वारा आपत्तिजनक स्टेटस डाला गया था, जिसके कारण तनाव की स्थिति पैदा हुई. लोग सड़कों पर आ गए. भीड़ को नियंत्रित करने के लिए हल्का लाठीचार्ज करना पड़ा. फिलहाल स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है. दोनों समुदायों के लोग बैठकर बातचीत कर रहे हैं और माहौल को शांतिपूर्ण बनाने की कोशिश कर रहे हैं."
कुछ लोग जानबूझकर डालते हैं ऐसे स्टेटस- सीएम
सीएम फडणवीस ने कहा कि कुछ लोग जानबूझकर ऐसे स्टेटस डालते हैं ताकि माहौल में तनाव पैदा हो. लेकिन ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जरूर की जाएगी. किसी धर्म के खिलाफ इस तरह की आपत्तिजनक टिप्पणी करने का किसी को अधिकार नहीं है. हमारी सभी लोगों से केवल एक अपील है कि सभी शांति बनाए रखें और कोई भी कानून को अपने हाथ में न ले. यदि कोई ऐसा करता है, तो पुलिस उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई करेगी.
