MP News: मध्य प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के पहले दिन सोमवार को जमकर हंगामा हुआ. कांग्रेस के विधायक चेहरे पर काले कपड़े लगाकर पहुंचे. उन्होंने हाथों में तख्तियां ले रखी थी, जिस पर विधानसभा के बजट सत्र की अवधि बढ़ाए जाने की मांग लिखी हुई थी. दूसरी तरफ कांग्रेस के आरोपों का बीजेपी ने भी जवाब दे दिया है.
मध्य प्रदेश में विधानसभा का बजट सत्र शुरू हो गया, जिसे लेकर कांग्रेस विधायकों ने पहले ही आंदोलन की रणनीति बना ली थी. पहले दिन कांग्रेस के विधायक चेहरे पर काला कपड़ा लगाकर पहुंचे. विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने आरोप लगाया कि सरकार सदन चलने नहीं देना चाहती है.
उन्होंने कहा कि विपक्ष चाहता है कि बजट सत्र की अवधि बढ़ाई जाए और हर विषय पर विधानसभा के पटल पर चर्चा हो व विधायकों की बात पहुंचाई जा सके. मध्य प्रदेश की जनता विधायकों को चुनती है, विधायकों का फर्ज है कि वे उनकी समस्याओं को विधानसभा के पटल पर ले जाए. सरकार पर कांग्रेसी विधायकों ने सदन नहीं चलने देने और समय कम करने का आरोप भी लगाया है. उमंग सिंघार ने कहा कि आने वाले दिनों में भी कांग्रेस के ऐसे ही तेवर देखने को मिलेंगे.
कांग्रेस फल नहीं पेड़ जिन रही है बीजेपी
भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता आशीष अग्रवाल के मुताबिक, बजट सत्र के दौरान कांग्रेस को पूरा अवसर दिया जा रहा है. उन्होंने कहा है कि 2022 में बजट सत्र को लेकर आठ बैठक संपन्न हुई जिसमें 21 घंटे 52 मिनट तक सत्र चला. इसके बाद साल 2024 में 5 बैठक हुई और सत्र 28 घंटे 3 मिनट चला. वर्तमान में 10 मार्च से 24 मार्च तक 9 दिनों तक सदन की कार्रवाई चलेगी, जिसमें पुराने सभी रिकॉर्ड टूटेंगे और इस बार सबसे लंबा बजट सत्र चल रहा है. कांग्रेस लोगों को गुमराह करने की असफल कोशिश कर रही है.
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