इंडिया ब्लॉक की बैठक 8 जून को दिल्ली में होने वाली है. टीएमसी में टूट के बीच पार्टी प्रमुख ममता बनर्जी के इस बैठक में शामिल होने से जुड़े सवाल पर दिग्विजय सिंह ने प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा कि टीएमसी हमारे साथ इंडिया ब्लॉक में थी भी और नहीं भी थी. टीएमसी की टूट पर उन्होंने कहा, ''हमें बहुत आश्चर्य हो रहा है कि टीएमसी इतने सालों तक सरकार में रही है और अब टूट कैसे रही है?''  बता दें कि 30 मई को सोनारपुर में टीएमसी के महासचिव अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले के बाद इंडिया ब्लॉक के करीब सभी प्रमुख नेताओं ने सोशल मीडिया पर अपनी प्रतिक्रिया दी थी और उनका समर्थन किया था.

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'डीएमके ने बड़ी मजबूती से इंडिया अलायंस का किया था समर्थन'

उधर, डीएमके ने 8 जून को नई दिल्ली में होने वाली इंडिया ब्लॉक की बैठक में शामिल होने से इनकार कर दिया है. इस सवाल पर दिग्विजय सिंह ने कहा, ''डीएमके ने बड़ी मजबूती साथ इंडिया अलायंस का समर्थन किया. तमिलनाडु में जो घटनाएं हुईं, उसके बारे में मैं कुछ भी नहीं कहना चाहता. उसमें लोगों के अलग-अलग विचार हैं.'' 

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डीएमके को इंडिया अलायंस में रहना चाहिए- दिग्विजय सिंह

उन्होंने आगे कहा, ''डीएमके के साथ हमारा जो गठबंधन रहा है तो उसके अच्छे अनुभव रहे हैं, इसलिए उनको इंडिया अलायंस में रहना चाहिए. क्योंकि इंडिया अलायंस कोई कांग्रेस का नहीं है. ये बीजेपी और बीजेपी की विचारधारा के खिलाफ अलायंस है. डीएमके तो बीजेपी की विचारधारा के खिलाफ है तो बैठक में शामिल होना चाहिए. परिसीमन के मामले में तमिलनाडु ने खुलकर विरोध किया है.'' 

नीट पेपर लीक पर क्या बोले दिग्विजय सिंह

मध्य प्रदेश के पूर्व सीएम और कांग्रेस के सीनियर नेता दिग्विजय सिंह ने नीट-यूजी परीक्षा पेपर लीक के मामले को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है. इसमें उन्होंने एनटीए की ओर से आयोजित परीक्षाओं में पेपर लीक या अनियमितताओं की घटनाओं पर जरूरी कदम उठाने के साथ ही श्वेत पत्र जारी करने की मांग की है. उन्होंने ये भी कहा कि राज्यों और केंद्र के 100 ऐसे प्रकरण हैं, जहां पेपर लीक हुआ या पेपर देते हुए भ्रष्टाचार हुआ. हमें ये जानकारी नहीं है कि इसमें किसने जांच की. कितने लोगों को दोषी पाया गया, कितने लोगों को सजा हुई?

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