झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने एसआईआर के मसले पर 'वोट चोरी' का आरोप लगाते हुए एनडीए को घेरा है. सीएम सोरेन ने सोमवार (01 सितंबर) को आरोप लगाया कि बीजेपी के नेतृत्व वाली NDA सरकार विशेष गहन मतदाता पुनरीक्षण (Special Intensive Revision) के नाम पर लोगों के अधिकार छीन रही है और मतदाता सूची सत्तारूढ़ गठबंधन की इच्छानुसार तैयार की जा रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि फूट डालो और राज करो की नीति से NDA कई राज्यों में काबिज है.

बिहार में कांग्रेस की 'मतदाता अधिकार यात्रा' के समापन पर पटना में एक रैली को संबोधित करते हुए, झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) नेता ने एनडीए सरकार पर 'फूट डालो और राज करो' की नीति अपनाने का आरोप लगाया और सभी 'इंडिया ब्लॉक' घटकों से सत्तारूढ़ गठबंधन को सत्ता से बेदखल करने के लिए एकजुट रहने का आग्रह किया.

हेमंत सोरेन ने BJP पर लगाया 'वोट चोरी' का आरोप

उन्होंने बीजेपी पर राज्य सरकारों को गिराने के लिए 'वोट चोरी' और विधायकों की खरीद-फरोख्त में लिप्त होने का भी आरोप लगाया. हेमंत सोरेन आरोप लगाते हुए आगे कहा, ''बीजेपी विपक्षी नेताओं के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ईडी), सीबीआई और अन्य केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल कर रही है.'' उन्होंने जोर देकर कहा कि हमारा वोट हमारे संविधान की रक्षा करता है.

'फूट डालो और राज करो की नीति से NDA कई राज्यों में काबिज'

झारखंड के सीएम ने ये भी कहा, ''वर्षों से आदिवासी, दलित, पिछड़ा, किसान, मजदूर वर्ग को शोषण का शिकार होने को मजबूर किया गया है. मगर हमने एकजुट होकर ही शोषकों पर विजय पायी है. फूट डालो और राज करो की कुनीति के कारण मौजूदा एनडीए सरकार देश और विभिन्न राज्यों में काबिज है. धनबल के दम पर ईडी, सीबीआई, इनकम टैक्स के दम पर लोगों को, जनप्रतिनिधियों को डराने-धमकाने का यह काम करते हैं.''

वोट चोरी के आरोपी रंगे हाथ पकड़े जा चुके हैं- हेमंत सोरेन

उन्होंने कहा, ''इसलिए साथियों, आज वोट चोरी की बात हो रही है. यह चोरी आज से नहीं चल रही है. बड़े भाई राहुल गांधी जी ने बहुत पहले से इसके खिलाफ मुहिम चला रखी है. आज वोट चोरी के आरोपी रंगे हाथ पकड़े भी जा चुके हैं. आपके सामने उन लोगों को पर्दाफाश किया जा रहा है.''

'अगर आज नहीं चेते तो फिर दोबारा मौका नहीं मिलेगा'

सीएम सोरेन ने आगे कहा, ''ये जो वोट है, ये किसी पार्टी का नहीं है. ये वोट देश का वोट है. इस वोट के माध्यम से देश और संविधान बचता है, टूटता है. 2014 में कुछ चालाक और चतुर लोगों ने धनबल के दम पर सत्ता हासिल कर ली. 2014 से जिस तरीके से इस देश को इन लोगों ने तबाह किया है, अगर आज नहीं चेते तो फिर दोबारा आपको कभी चेतने का मौका नहीं मिलेगा. 

'जब जब हमने एकजुट होकर लड़ाई लड़ी, हम विजयी हुए'

उन्होंने ये भी कहा, ''चाहे वो नोटबंदी की बात हो, चाहे कोरोना काल की बात हो, चाहे प्राकृतिक आपदा की बात हो, मुझे लगता है आजादी के बाद जितने लोग इस देश में नहीं मरे, ये 2014 से लेकर अब तक उससे कई गुना ज्यादा लोग मारे गए. चाहे वो किसान हों, मजदूर हो. आदिवासी, दलित, पिछड़ा वर्ग के लोगों का तो कहना ही क्या है, इन पर तो युगों-युगों से शोषण होते आया है. जब जब हमने एकजुट होकर लड़ाई लड़ी है, हम विजयी हुए हैं.''