जम्मू कश्मीर में गृहमंत्री के दौरे से पहले सियासी हलचल, CM उमर अब्दुल्ला ने बुलाई विधायकों की बैठक
Jammu Kashmir News: जम्मू कश्मीर के सीएम उमर अब्दुल्ला ने व्यक्तिगत रूप से नेशनल कॉन्फ्रेंस के सभी विधायकों को बैठक में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया है. यह बैठक 3 जून को होगी.

जम्मू-कश्मीर में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के प्रस्तावित दौरे से पहले एक अहम राजनीतिक घटनाक्रम में, मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने बुधवार (03 जून) को नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) के सभी विधायकों की एक बैठक बुलाई है. हालांकि इस बैठक के असली मकसद को लेकर अभी रहस्य बना हुआ है, लेकिन पत्र में कहा गया है कि यह बैठक उन मामलों पर चर्चा करने के लिए बुलाई गई है जिन्हें उन्होंने 'सामूहिक महत्व के मामले' और 'जन कल्याण से जुड़े मुद्दे' बताया है.
सूत्रों ने बताया कि NC विधायकों के अलावा, मुख्यमंत्री ने सत्ताधारी पार्टी का समर्थन करने वाले सभी निर्दलीय विधायकों को भी आमंत्रित किया है. चार निर्दलीय विधायक- अकरम चौधरी (विधायक सुरनकोट), डॉ. रामेश्वर सिंह (विधायक बानी), मुजफ्फर इकबाल खान (विधायक थानामंडी), और प्यारे लाल शर्मा (विधायक इंदरवाल) को भी आमंत्रित किया गया है.
मुख्यमंत्री के गुपकार स्थित आवास पर होगी बैठक
फिलहाल यह बैठक 3 जून को सुबह 10:00 बजे मुख्यमंत्री के गुपकार स्थित आवास पर होनी तय है और सभी विधायक इसमें शामिल होंगे. मुख्यमंत्री के करीबी सूत्रों ने पुष्टि की है कि सीएम ने व्यक्तिगत रूप से पार्टी के सभी विधायकों को बैठक में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया है और उन्हें इन 'सामूहिक महत्व और जन कल्याण के मामलों' के बारे में सूचित किया है.
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क्या उमर अब्दुल्ला देंगे कोई राजनीतिक बयान?
यह बैठक इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि उमर अब्दुल्ला ने इससे पहले 6 मई को तंगमर्ग में एक सार्वजनिक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए ईद के बाद एक बड़ा राजनीतिक बयान देने का संकेत दिया था. मुख्यमंत्री ने कहा था कि वह 'बादल फटने की तरह बरसना' चाहते हैं, लेकिन साथ ही यह भी जोड़ा था कि वह ईद के बाद एक सार्वजनिक सभा में खुलकर अपनी बात रखेंगे.
जम्मू-कश्मीर स्टेटहुड जैसे मुद्दों पर हो सकती है चर्चा
हालांकि बैठक का विशिष्ट एजेंडा ज्ञात नहीं है, लेकिन निमंत्रण में 'सामूहिक महत्व के मामलों' का उल्लेख यह संकेत देता है कि जम्मू-कश्मीर के राज्य के दर्जे जैसे व्यापक मुद्दों पर चर्चा हो सकती है, लेकिन सूत्रों के अनुसार, बैठक में मंत्रियों के कामकाज और कुछ विधायकों के आचरण पर भी चर्चा होने की संभावना है. सूत्रों ने यह भी बताया है कि यह बैठक सरकार में शामिल एक मंत्री के खिलाफ, एक विशेष क्षेत्र के विधायकों के बीच पनप रहे असंतोष की पृष्ठभूमि में हो रही है.
तीन विधायकों ने CM से मुलाकात कर मंत्री पर लगाए थे आरोप
इस क्षेत्र के तीन विधायकों ने ईद-उल-अज़हा से पहले मुख्यमंत्री से मुलाकात की थी और उस मंत्री के खिलाफ गंभीर शिकायतें दर्ज कराई थीं. उन्होंने मंत्री पर परियोजनाओं और धन के आवंटन में पक्षपात करने का आरोप लगाया, और कहा कि उनके निर्वाचन क्षेत्रों की उपेक्षा की जा रही है, जबकि मंत्री के अपने निर्वाचन क्षेत्र को अनुपातहीन रूप से अधिक हिस्सा मिल रहा है. 3 जून की बैठक के एजेंडे या मंत्री पर लगे आरोपों पर टिप्पणी लेने की बार-बार की गई कोशिशें बेकार साबित हुईं, क्योंकि NC के सभी नेताओं ने दावा किया कि उन्हें बैठक के एजेंडे के बारे में कोई जानकारी नहीं है.
उमर अब्दुल्ला ने 11 मई को गृहमंत्री शाह से की थी मुलाकात
CM उमर अब्दुल्ला ने 11 मई को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से भी मुलाकात की थी और राज्य का दर्जा बहाल करने, कामकाज के नियमों, आरक्षण को तर्कसंगत बनाने और जन कल्याण, भलाई और शासन से जुड़े अन्य अहम मामलों पर चर्चा की थी. बताया जा रहा है कि बैठक का एजेंडा पूरी तरह से तय है, क्योंकि J&K आने वाले महीनों में महत्वपूर्ण स्थानीय निकाय और पंचायत चुनाव कराने के लिए पूरी तरह तैयार है. ये चुनाव 18 महीने पुरानी उमर अब्दुल्ला सरकार के लिए एक जनमत संग्रह की तरह होंगे.
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