दिल्ली: 1 जुलाई से बदल जाएगा महिलाओं के फ्री बस सफर का सिस्टम, रेखा सरकार का बड़ा फैसला
Delhi Free Bus Travel: दिल्ली में महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा योजना की शुरुआत साल 2019 में हुई थी. उस समय पिंक टिकट सिस्टम लागू किया गया था, जिसे काफी लोकप्रियता मिली.

अगर आप दिल्ली की बसों में मुफ्त सफर करती हैं तो यह खबर आपके लिए जरूरी है. सरकार जल्द पुरानी व्यवस्था खत्म कर नया डिजिटल सिस्टम लागू करने वाली है. इसके बाद बसों में फ्री यात्रा पहले जैसी नहीं रहेगी. 1 जुलाई 2026 से महिलाओं को डीटीसी और क्लस्टर बसों में मुफ्त सफर के लिए ‘पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड’ का इस्तेमाल करना अनिवार्य होगा. सरकार इसे डिजिटल ट्रैकिंग और पारदर्शिता की दिशा में बड़ा कदम मान रही है.
बस में चढ़ते ही मशीन पर करना होगा कार्ड टैप
नई व्यवस्था लागू होने के बाद महिलाओं को बस में सफर के दौरान स्मार्ट कार्ड मशीन पर टैप करना होगा. इससे हर यात्रा का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार होगा. अभी तक महिलाएं कंडक्टर से पिंक टिकट लेकर मुफ्त सफर करती थीं, लेकिन अब यह प्रक्रिया पूरी तरह तकनीक आधारित हो जाएगी.
2019 में शुरू हुई थी पिंक टिकट योजना
दिल्ली में महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा योजना की शुरुआत साल 2019 में हुई थी. उस समय पिंक टिकट सिस्टम लागू किया गया था, जिसे काफी लोकप्रियता मिली. अब सरकार इस मॉडल को बंद कर ‘पिंक सहेली कार्ड’ के जरिए नई डिजिटल व्यवस्था लागू करने जा रही है. इस पहल को ‘वन नेशन, वन कार्ड’ योजना से भी जोड़ा जा रहा है.
मेट्रो में भी इस्तेमाल हो सकेगा यह कार्ड
सरकार की ओर से जारी स्मार्ट कार्ड सिर्फ बसों तक सीमित नहीं रहेगा. महिलाएं इसका इस्तेमाल दिल्ली मेट्रो में भी कर सकेंगी. हालांकि मेट्रो यात्रा के लिए कार्ड में अलग से बैलेंस रिचार्ज कराना होगा. इस कार्ड लॉन्च कार्यक्रम की शुरुआत इसी साल 2 मार्च को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने की थी.
लाखों महिलाओं ने बनवाया कार्ड, लेकिन इस्तेमाल अभी भी कम
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक मार्च से अब तक करीब 6 लाख महिलाएं यह स्मार्ट कार्ड बनवा चुकी हैं. इसके लिए दिल्ली में 58 केंद्र बनाए गए हैं. इसके बावजूद ज्यादातर महिलाएं अभी भी पुरानी पिंक टिकट व्यवस्था पर निर्भर हैं. रोजाना करीब 10 लाख महिलाएं डीटीसी और क्लस्टर बसों में सफर करती हैं, लेकिन उनमें बेहद कम यात्री ही कार्ड टैप कर रही हैं.
आखिर महिलाएं क्यों नहीं अपना रहीं नया सिस्टम?
परिवहन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल दोनों व्यवस्थाएं साथ-साथ चल रही हैं, इसलिए महिलाएं पुरानी आदत नहीं बदल पा रही हैं. सरकार धीरे-धीरे स्मार्ट कार्ड सिस्टम को अनिवार्य बनाना चाहती है ताकि यात्रियों को डिजिटल प्रक्रिया की आदत पड़ सके. आने वाले दिनों में बस डिपो और बसों में जागरूकता अभियान भी चलाए जाएंगे.
किन महिलाओं को मिलेगा पिंक सहेली कार्ड
यह सुविधा सिर्फ दिल्ली में रहने वाली महिलाओं के लिए उपलब्ध होगी. कार्ड बनवाने के लिए दिल्ली का आधार कार्ड जरूरी रहेगा. साथ ही आधार से लिंक मोबाइल नंबर भी अनिवार्य होगा. 12 साल या उससे अधिक उम्र की कोई भी महिला इस योजना के लिए आवेदन कर सकेगी.
यहां बनवा सकेंगी स्मार्ट कार्ड
महिलाएं कई सरकारी केंद्रों पर जाकर पिंक सहेली कार्ड बनवा सकती हैं. इसके लिए डीटीसी डिपो, पास सेक्शन, एसडीएम कार्यालय और राजधानी में बनाए गए विशेष केंद्रों पर सुविधा उपलब्ध कराई गई है.
सरकार को मिलेगा यात्रियों का पूरा डेटा
स्मार्ट कार्ड सिस्टम लागू होने के बाद सरकार को यह पता चल सकेगा कि किस रूट पर कितनी महिलाएं सफर कर रही हैं. अधिकारियों का मानना है कि इससे फर्जी टिकट और गलत इस्तेमाल पर रोक लगेगी. साथ ही बस सेवाओं की बेहतर प्लानिंग में भी मदद मिलेगी.
मुफ्त यात्रा योजना पर सरकार का बड़ा बजट
दिल्ली सरकार ने बजट 2026-27 में महिलाओं की मुफ्त बस यात्रा योजना के लिए 450 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है. सरकार अब इस योजना को पूरी तरह डिजिटल मोड में ले जाकर खर्च और यात्रियों दोनों का सटीक रिकॉर्ड तैयार करना चाहती है.
परिवहन विभाग जल्द ही डीटीसी बसों में सर्वे शुरू करने की तैयारी में है. इसके जरिए यह समझने की कोशिश होगी कि महिलाएं स्मार्ट कार्ड की बजाय अब भी पिंक टिकट को क्यों प्राथमिकता दे रही हैं. साथ ही इस बात पर भी नजर रखी जायेगी कि बस कंडक्टर यात्रियों को कार्ड इस्तेमाल करने के लिए प्रोत्साहित कर रहे हैं या नहीं.
























