Delhi News: विदेश से मिल रहे थे आदेश, दिल्ली पुलिस ने 'टिल्लू गैंग' का खूनी प्लान किया फेल, 2 शूटर गिरफ्तार
Delhi Crime News In Hindi: दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने टिल्लू ताजपुरिया गैंग के दो शार्पशूटरों को गिरफ्तार कर गोगी गैंग के दो प्रमुख सदस्यों की हत्या की साजिश नाकाम कर दी गई है.

दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने संगठित अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए टिल्लू ताजपुरिया गैंग के दो शार्पशूटरों को गिरफ्तार किया है. पुलिस का दावा है कि दोनों आरोपी अपने प्रतिद्वंद्वी गोगी गैंग के प्रमुख सदस्यों की हत्या की साजिश रच रहे थे. उनकी गिरफ्तारी से दिल्ली-एनसीआर में होने वाली दो संभावित हत्याओं को टाल दिया गया. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान 24 वर्षीय जतीन और 33 वर्षीय विनय मान उर्फ बिट्टू के रूप में हुई है.
पुलिस ने इनके कब्जे से दो हथियार, सात जिंदा कारतूस और विदेश में बैठे गैंग सरगनाओं से संपर्क के लिए इस्तेमाल किया जा रहा मोबाइल फोन बरामद किया है. पुलिस के मुताबिक टिल्लू ताजपुरिया और गोगी गैंग के बीच साल 2014 से खूनी दुश्मनी चली आ रही है. दोनों गैंगों के सरगनाओं की मौत के बाद भी उनके गुर्गे एक-दूसरे को निशाना बनाते रहे हैं.
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दिल्ली पुलिस को मिली थी खुफिया जानकारी
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल को सूचना मिली थी कि विदेश में छिपे टिल्लू गैंग के सदस्य अपने साथियों के जरिए गोगी गैंग के लोगों की हत्या करवाने की योजना बना रहे हैं. इसके बाद पुलिस ने करीब एक महीने तक निगरानी और जांच की..जांच के दौरान पता चला कि गैंग के कुछ सदस्य अपने टारगेट की रेकी कर रहे हैं. 8 जून को पुलिस ने जतिन को उस समय गिरफ्तार किया जब वह कथित तौर पर गोगी गैंग के एक सदस्य को निशाना बनाने जा रहा था. उसके पास से एक पिस्टल और पांच कारतूस बरामद हुए.
दिल्ली पुलिस की पूछताछ में आरोपी ने किया अहम खुलासा
दिल्ली पुलिस की पूछताछ में उसने खुलासा किया कि वह पिछले एक महीने से अपने साथियों के साथ मिलकर टारगेट की जानकारी जुटा रहा था..जतिन से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने हरिद्वार से विनय मान उर्फ बिट्टू को गिरफ्तार किया. उसकी निशानदेही पर एक रिवॉल्वर और दो कारतूस बरामद किए गए.
दोनों शूटर विदेश में बैठे गैंगस्टर्स के कहने पर करते थे वारदात
दिल्ली पुलिस जांच में सामने आया कि वर्ष 2017 में बिट्टू के पिता की हत्या कर दी गई थी. बिट्टू को शक था कि इस वारदात के पीछे गोगी गैंग का हाथ था. पिता की मौत का बदला लेने के लिए उसने टिल्लू ताजपुरिया गैंग से संबंध बना लिए और गैंग के लिए काम करने लगा. पुलिस का कहना है कि दोनों आरोपी विदेश में बैठे गैंग हैंडलरों के संपर्क में थे और एन्क्रिप्टेड वॉयस ऐप्स के जरिए निर्देश ले रहे थे. पूछताछ में गैंग के काम करने के तरीके और उसके नेटवर्क से जुड़ी कई अहम जानकारियां मिली हैं. मामले की आगे जांच जारी है और पुलिस गैंग के अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है.
























