दिल्ली सरकार और MCD के खिलाफ गरजे युवा, NSUI, ABVP ने किया प्रदर्शन, हिरासत में छात्र
दिल्ली में सत्य निकेतन में इमारत गिरने के बाद ABVP और NSUI ने प्रदर्शन किया. इस दौरान MCD दफ्तर में तोड़ फोड़ हुई. पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया.

राजधानी दिल्ली स्थित सत्य निकेतन में हुए हादसे के बाद अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् और नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया के छात्रों ने प्रदर्शन किया. इस दौरान पुलिस ने ABVP के छात्रों को हिरासत में भी लिया.
सत्य निकेतन में बिल्डिंग गिरने की घटना पर NSUI के प्रेसिडेंट विनोद जाखड़ ने कहा, यह कोई विरोध प्रदर्शन नहीं है. हम यहां मदद करने आए हैं क्योंकि कई PG खाली करा लिए गए हैं और उन स्टूडेंट्स को मेडिकल सुविधा की जरूरत है. हम सबसे पहले मौके पर पहुंचने वालों में से थे. हमारा एक साथी भी मलबे के नीचे फंसा हुआ था. जैसे ही हमें जानकारी मिली, हम मौके पर पहुंचे और स्टूडेंट्स को बचाने की हर मुमकिन कोशिश की, चाहे छत तोड़नी हो या मलबा हटाना हो. इसके बावजूद, हम तीन स्टूडेंट्स को बचा पाए.
जाखड़ ने कहा कि दो घंटे तक न तो पुलिस आई और न ही प्रशासन, और वहां कोई मेडिकल टीम भी नहीं थी. जब हम मौके पर पहुंचे तो वहां कोई नहीं था. हमने जो मंजर देखा, उसे मैं बयां नहीं कर सकता. जिम्मेदारी तय करनी होगी.
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abvp के सदस्य हिरासत में
वहीं इस हादसे को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के सदस्यों के विरोध प्रदर्शन के दौरान सिविक सेंटर स्थित MCD ऑफिस में तोड़फोड़ की गई. प्रदर्शनकारी MCD कमिश्नर के इस्तीफे की मांग कर रहे थे और बाद में पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया.
ABVP के एक मेंबर ने कहा कि 'पुलिस और प्रशासन को शर्म आनी चाहिए. जब लोग और स्टूडेंट्स मर रहे हैं और मलबे के नीचे फंसे हुए हैं, तो वे जिम्मेदार MCD अधिकारियों को गिरफ्तार करने में नाकाम रहे हैं. इसके बजाय, वे यहां विरोध कर रहे स्टूडेंट्स को परेशान कर रहे हैं. दिल्ली पुलिस प्रशासन को इस बात पर शर्म आनी चाहिए. MCD कमिश्नर को यहां मौजूद होना चाहिए था, लेकिन वह अपने एयर-कंडीशन्ड ऑफिस में बैठे हैं. उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए. यही हमारी मांग है.'





















