दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने प्रधानमंत्री की अपील का हवाला देते हुए ईंधन बचत, सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने और विदेशी मुद्रा पर दबाव कम करने के लिए 90 दिनों का विशेष जन-अभियान शुरू करने का ऐलान किया है. उन्होंने कहा कि वैश्विक अनिश्चितता के दौर में देश की आर्थिक स्थिरता बनाए रखने के लिए दिल्ली सरकार 'मेरा भारत, मेरा योगदान' अभियान चलाएगी और राजधानी को एक व्यवहारिक मॉडल के रूप में विकसित करने की कोशिश करेगी. रेखा गुप्ता ने सरकारी कर्मचारियों और मंत्रियों पर पाबंदी का ऐलान करते हुए कहा कि वह 1 साल तक विदेश नहीं जा सकेंगे.
मुख्यमंत्री ने बताया कि अलग-अलग सरकारी संस्थानों के दफ्तरों का समय भी अलग-अलग रखा जाएगा ताकि ट्रैफिक और ईंधन की खपत कम हो सके. इसके तहत एमसीडी दफ्तरों का समय सुबह साढ़े आठ बजे से शाम पांच बजे तक, दिल्ली सरकार के दफ्तरों का समय सुबह साढ़े दस बजे से शाम सात बजे तक और केंद्र सरकार के दफ्तरों का समय सुबह नौ बजे से शाम साढ़े पांच बजे तक रहेगा.
दिल्ली में सरकारी कर्मचारियों के लिए 2 दिन वर्क फ्रॉम होम का आदेश, निजी दफ्तरों का क्या होगा?
सरकारी दफ्तरों में एसी का तापमान
ऊर्जा बचत के लिए सरकारी दफ्तरों में एसी का तापमान 24 से 26 डिग्री के बीच रखा जाएगा. दफ्तरों में मुख्य स्विच और सेंसर आधारित लाइटिंग सिस्टम लगाए जाएंगे ताकि कमरे खाली होने पर बिजली स्वतः बंद हो सके.
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह 90 दिनों का जन-अभियान होगा, जिसके तहत लोगों से ईंधन बचाने, सार्वजनिक परिवहन का उपयोग बढ़ाने, अनावश्यक विदेशी यात्रा और गैर-जरूरी खर्च कम करने तथा स्वदेशी उत्पादों को अपनाने की अपील की जाएगी.
Delhi News: सीलिंग से डरे दुकानदारों के बीच पहुंचे BJP विधायक, बोले- 'अगर जरूरत पड़ी तो...'
उन्होंने 'मेट्रो मंडे' अभियान की भी घोषणा की, जिसके तहत हर सोमवार मंत्री, वरिष्ठ अधिकारी और सरकारी कर्मचारी अधिक से अधिक मेट्रो का इस्तेमाल करेंगे. साथ ही सप्ताह में एक दिन 'नो व्हीकल डे' मनाने की अपील की गई है ताकि लोग निजी वाहनों का कम उपयोग करें. कार पूलिंग, कार साझा करने और सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा.
