दिल्ली एनसीआर में एक बार फिर से मानसून की गतिविधियां कमजोर पड़ती हुई दिखाई दे रही हैं. हालांकि, आज आसमान में बादल छाये रहेंगे और नेशनल कैपिटल रीजन के अधिकतर हिस्सों में कई दिनो तक हल्की बारिश या बूंदाबांदी के आसार बने रहेंगे. भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, अभी बारिश की बहुत संभावना नहीं है, लेकिन अगले हफ्ते से दिल्ली का मौसम सुहावना बने रहने का अनुमान लगाया गया है. इसके साथ ही अुनमान है कि अगले 7 दिनों में दिल्ली के अधिकतम तापमान में कोई खास बदलाव नहीं होगा. 

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IMD के अनुसार, शुक्रवार (24 जुलाई) को दिल्ली में अधिकतम तापमान करीब 34.6  डिग्री सेल्सियस रहा. वहीं, न्यूनतम तापमान 27.3  डिग्री सेल्सियस रहा. इस दौरान नमी का अधिकतम स्तर 85 प्रतिशत और न्यूनतम स्तर 64 प्रतिशत रहा. 

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पिछले 24 घंटों में हुई बहुत हल्की बारिश

पिछले 24 घंटों के दौरान दिल्ली के कई इलाकों में बहुत हल्की से हल्की बारिश हुई. इस दौरान दिल्ली के न्यूनतम और अधिकतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं दर्ज किया गया. पिछले 24 घंटों के दौरान राजधानी में न्यूनतम तापमान 23-27 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 33-35 डिग्री सेल्सियस  के बीच रहा. इस दौरान दिल्ली में 15-20 किमी/घंटा की गति से पूर्वी हवाएं चलीं, जबकि पालम में रात 12:30 बजे हवा की गति 37 किमी/घंटा तक पहुंच गई थी. 

आज का पूर्वानुमान

आज शनिवार (25 जुलाई) को मौसम सुहावना बना रहेगा. आसमान में आमतौर पर बादल छाए रहेंगे. सुबह से दोपहर के बीच कई इलाकों में बहुत हल्की से हल्की बारिश के आसार हैं. इस दौरान 20-30 किमी/घंटा की गति से सतही हवाएं चल सकती हैं, जिनकी गति कभी-कभी 40 किमी/घंटा तक जा सकती है. दोपहर से रात के बीच भी कई इलाकों में बहुत हल्की से हल्की बारिश भी हो सकती है.  

इस दौरान शहर का अधिकतम तापमान 33-35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24-26 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का आनुमान है. IMD के अनुसार, अभी कुछ दिनों तक मौसम के हालात ऐसे ही बने रहने की संभावना है. इस दौरान लोगों को कभी-कभी उमस भरी गर्मी परेशान कर सकती है. 

दिल्ली-एनसीआर पर विभिन्न मौसमी प्रणालियों का असर

मौसम विभाग के अनुसार, मौसमी प्रणालियों के संयुक्त प्रभाव का असर दिल्ली एनसीआर पर पड़ रहा है. दरअसल, दक्षिण-पश्चिम राजस्थान और आसपास के क्षेत्र में लो प्रेशर एरिया अभी सक्रिय है और चक्रवाती परिसंचरण ऊपरी वायुमंडल तक फैला हुआ है. इसके साथ ही पश्चिमी विक्षोभ का असर भी उत्तर भारत पर पड़ रहा है, जबकि मानसून ट्रफ राजस्थान से होकर पूर्वी भारत की ओर बढ़ रहा है. इन सभी बदलावों के कारण दिल्ली-एनसीआर में बादलों की आवाजाही देखने को मिल रही है और रुक-रुक कर हल्की से मध्यम स्तर की बारिश के दौर की संभावना बनी हुई है. 

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