बीजेपी के प्रवक्ता नलिन कोहली ने कांग्रेस को निशाने पर लिया. रविवार (8 जून) को उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी तो शुरू से ही दोहरी बातें कर रही है. कांग्रेस कहती है कि हम ऑपरेशन सिंदूर के पक्ष में हैं और ऑपरेशन सिंदूर पर सवाल भी उठाएगी. ऐसे सवाल उठाएगी जो पाकिस्तान में गूंजेंगी और पाकिस्तान कांग्रेस की उस प्रतिक्रिया को भारत के खिलाफ अपनी बात रखने के लिए इस्तेमाल करेगा.

'अपने सांसदों की आलोचना की'

न्यूज़ एजेंसी IANS से बातचीत में कोहली ने कहा, "अब विदेश में अलग-अलग हमारे सांसद गए. इनमें कांग्रेस के भी कई सांसद थे. कांग्रेस ने बहुत उसकी आलोचना की. अपने सांसदों की आलोचना की. उन पर प्रश्न उठाए. एक सांसद ने कहा कि क्या देश के हित में काम करना इतना कठिन है?" दरअसल, उन्होंने सलमान खुर्शीद के बयान का जिक्र किया. अपने एक एक्स पोस्ट में खुर्शीद ने ऑल पार्टी डेलीगेशन के दौरान कहा था कि 'क्या देशभक्त होना इतना मुश्कील है?' सलमान खुर्शीद ने जम्मू-कश्मीर से धारा-370 हटाने के फैसले को सही ठहराया था.

'उनकी सोच ऐसे कैसे बन गई?'

बीजेपी प्रवक्ता ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए आगे कहा, "अब कहते हैं कि पैसे फिजूल में खर्च हुए. भारत के हित में अगर सर्वदलीय सांसद जाते हैं, लोगों को बताते हैं कि भारत का क्या रुख है, लोग उनकी बात सुनते हैं तो क्या देश के पैसों को व्यवर्थ करना है. ये तो कांग्रेस पार्टी ही समझा सकती है कि उनकी सोच ऐसे कैसे बन गई?"

'तेलंगाना में कांग्रेस जीत गई तो कोई दिक्कत नहीं'

इसके साथ ही उन्होंने कहा, "कांग्रेस पार्टी या राहुल गांधी और कुछ और विपक्ष के नेता चुनाव के आते आते चुनाव प्रक्रिया, चुनाव आयोग और ईवीएम पर प्रश्न उठाने शुरू कर देते हैं. यही नेता चुनाव जीतने के बाद कभी भी प्रश्न नहीं उठाते, ना चुनाव आयोग पर, ना ईवीएम पर, ना चुनावी प्रक्रिया पर. जैसे तेलंगाना में कांग्रेस जीत गई तो कोई दिक्कत नहीं है. अब इसलिए शायद वो उठा रहे हैं, कहीं न कहीं उनको लगता है कि जनता उनके साथ नहीं है.

'ये उनके हार स्वीकारने की बात है'

बीजेपी प्रवक्ता ने कहा, "वो चाह रहे होंगे कि संदेश भेजें कि अगर बाद में हार गए चुनाव तो कह सकते हैं कि हमने तो पहले ही कहा था. तो ये उनके हार स्वीकारने की बात है, चुनाव से पहले. यदि वो इतना समय जनता के बीच में लगाते, जैसे हमारी पार्टी लगाती है...तो हो सकता है कि चुनाव में जनता उनको वोट दे."