Raipur News: छत्तीसगढ़ में चुनाव नजदीक आ रहे हैं. चुनावों के नजदीक आते ही बरसाती मेंढ़क की तरह नेताओं ने भी आम जनता के बीच जाना शुरू कर दिया है. चुनाव जीतने के बाद सालों-साल जनता को मुंह न दिखाने वाले ऐसे नेताओं को कुछ लोगों का विरोध भी झेलना पड़ रहा है. ऐसा ही एक मामला कसडोल विधानसभा (Kasdol Assembly) से सामने आया. क्षेत्र के लोगों के बीच पहुंची युवा विधायक शकुंतला साहू (Shakuntala Sahu) का जब कुछ लोगों ने विरोध किया तो वह भड़क गईं. इसके बाद उन्होंने तुंरत मंच से उनका विरोध कर रहे लोगों को खरी-खोटी सुनानी शुरू कर दी. शकुंतला साहू का यह वीडियो जमकर वायरल हो रहा है.
शकुंतला साहू ने दिया विवादित बयानदरअसल मामला कसडोल विधानसभा क्षेत्र के गांव दतान का है. गांव में भाईदूज के दिन मातर कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें शकुंतला साहू मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होने पहुंची थीं. जैसे ही वह वहां पहुंची कुछ लोगों ने उनका विरोध करना शुरू कर दिया. इस पर वह भड़क गईं और कहा जब इतने साल तक परदेशिया (छत्तीसगढ़ से बाहर के नेता) लोग कांग्रेस और बीजेपी के विधायक थे, तब तो उनका विरोध नहीं किए. परदेशिया लोगों के तलवे चाट रहे थे और मेरा विरोध करते हो. इसके आगे उन्होंने अपशब्द का भी प्रयोग किया. उनका यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है.
मैंने कुछ गलत नहीं बोलाजब मीडिया ने उनसे उनके बयान को लेकर बात की तो उन्होंने कहा कि मैंने कुछ भी गलत नहीं बोला है. पूरा वीडियो फेसबुक पर डला है देख लीजिए. उन्होंने कहा कि कार्यक्रम के दौरान शराब पीकर कुछ लोग नारेबाजी कर रहे थे. पुलिस वालों ने उन्हें समझाया भी लेकिन तब भी वे नहीं माने. जब मेरी भाषण की बारी आई तब भी वे नारेबाजी कर रहे थे. तब मैंने उन्हें खरी-खोटी सुनाई. साहू ने दावा किया कि हंगामा करने वाले बीजेपी से थे.
बीजेपी ने जताई कड़ी अपत्तिइस विवादित बयान पर बीजेपी ने कड़ी आपत्ति जताई है. बीजेपी प्रवक्ता रंजना साहू ने कहा कि कितनी विचित्र स्थिति है कि कांग्रेस की विधायक काम का हिसाब मांगने वाली अपनी ही निर्वाचक जनता को तलवे चाटने वाला बता रही हैं. यह लोकतंत्र का सबसे बड़ा अपमान है. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने यही राज संस्कृति विकसित की है कि उनकी विधायक अपने क्षेत्र में अपनी जिम्मेदारी से भागने पर विरोध करने वाली जनता को गरिया रही हैं. त्रस्त जनता इनका विरोध कर रही है तो वे जनता से अभद्रता पर उतर आए हैं.
एमएलए का पहले भी रहा है विवादों से नातागौरतलब है कि इससे पहले भी एमएलए शकुंतला साहू का विवादों से नाता रहा है. बलौदाबजार जिले में एक सीमेंट प्लांट में घायल हुए मजदूर की मौत को लेकर उनका आईपीएस अंकिता शर्मा से भी विवाद हुआ था, तब उन्होंने अंकिता से उनकी औकात दिखाने की बात कही थी. शकुंतला के इस बयान की भी जमकर आलोचना हुई थी.
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