बिहार में पूर्व डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव को अब Y श्रेणी की सुरक्षा मिली है. पहले उन्हें Z सिक्योरिटी मिली थी. यानी उनकी सुरक्षा को घटा दिया गया. इस पर उनके बड़े भाई और जनशक्ति जनता दल के अध्यक्ष तेजप्रताप यादव की प्रतिक्रिया सामने आई है. पटना में वो मीडिया से बातचीत कर रहे थे.

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क्या बोले तेजप्रताप यादव?

इसको लेकर जब तेजप्रताप यादव से सवाल किया गया तो उन्होंने कहा, "घटा दिया गया तो इसमें हम क्या कर सकते हैं? हमारे कहने से बढ़ थोड़ी जाएगा."

बसंत पंचमी की दी बधाई

बसंत पंचमी की बधाई देते हुए उन्होंने कहा, "देश और खासकर बिहार के सभी लोगों को मैं शुभकामनाएं देता हूं. माता सरस्वती वीणा धारणी हैं. ज्ञान की देवी हैं. इसलिए पढ़ाई करने वाले छात्र किताब को माता के सामने रखते हैं. कलम और किताब की भी साथ-साथ पूजा होती है. 

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आरजेडी ने जताई आपत्ति

नेता प्रतिपक्ष की सुरक्षा व्यवस्था में कथित कटौती पर आरजेडी ने कड़ी आपत्ति जताई. आरजेडी के प्रवक्ता एजाज अहमद ने इसे एनडीए सरकार द्वारा विपक्ष की आवाज दबाने का जानबूझकर किया गया प्रयास बताया. एजाज अहमद ने कहा कि एनडीए सरकार का रवैया लोकतंत्र विरोधी मानसिकता को दर्शाता है. उन्होंने दावा किया कि यह कदम विपक्ष के आंदोलन और विरोध प्रदर्शन शुरू होने से पहले ही उसे कमजोर करने की साजिश का हिस्सा है.

सरकार की घबराहट और बेचैनी- आरजेडी

एजाज अहमद ने कहा कि विपक्ष के संघर्ष और आंदोलन से पहले ही तेजस्वी यादव की सुरक्षा में कटौती करना सरकार की घबराहट और बेचैनी को स्पष्ट रूप से दर्शाता है.उन्होंने आरोप लगाया कि तेजस्वी यादव लगातार प्रमुख जन मुद्दों पर सरकार को जवाबदेह ठहराते रहे हैं, जिससे सत्ताधारी दल के नेताओं में बेचैनी पैदा हो गई है. उन्होंने आगे कहा कि सरकार इसलिए असहज है क्योंकि तेजस्वी यादव बिहार में रोजगार, विकास, महिलाओं की सुरक्षा, अपराध और हत्याओं जैसे मुद्दों पर सवाल उठाते हैं. वे हमेशा से जननेता रहे हैं और जनहित में बोलते रहेंगे.

आरजेडी प्रवक्ता ने कथित सुरक्षा व्यवस्था में कमी को पटना में नीट परीक्षा देने वाली एक छात्रा की मौत के मामले में चल रही राजनीतिक गरमागरमी से भी जोड़ा और दावा किया कि सरकार जनता का ध्यान भटकाने की कोशिश कर रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि यह निर्णय राजनीतिक बदले की भावना से लिया गया है और सवाल उठाया कि कई एनडीए नेताओं को उच्च सुरक्षा क्यों दी गई है जबकि विपक्ष के नेता की सुरक्षा कम कर दी गई है. 

एजाज अहमद ने कहा कि भाजपा और जदयू नेताओं को जेड-प्लस सुरक्षा क्यों दी जा रही है, जबकि विपक्ष के नेता की सुरक्षा घटाकर वाई प्लस कर दी गई है? यह अनुचित है.संशोधित सुरक्षा सूची के अनुसार, सत्ताधारी दल के कई नेताओं के लिए कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई है.