जन सुराज पार्टी (Jan Suraaj Party) के सूत्रधार प्रशांत किशोर (Prashant Kishor) अब 'माननीय' हो गए हैं. प्रशांत किशोर ने सोमवार (17 अगस्त, 2026) को बिहार विधानसभा पहुंचकर शपथ ली. बिहार विधानसभा के स्पीकर प्रेम कुमार ने उन्हें शपथ दिलाई. इस मौके पर जन सुराज के प्रदेश अध्यक्ष मनोज भारती, जन सुराज के प्रवक्ता कुमार सौरभ सिंह सहित कई अन्य नेता भी मौजूद रहे. 

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उपचुनाव में जीत के बाद 3 अगस्त को ही प्रशांत किशोर विधायक बन गए थे. उसी दिन जीत का सर्टिफिकेट भी मिल गया था. अब उन्होंने औपचारिक तौर पर शपथ भी ले ली है. इसके साथ ही वे बांकीपुर के 'माननीय' हो गए हैं.

क्षेत्र में शुरू कर चुके हैं काम

प्रशांत किशोर ने भले आज (सोमवार) विधायक की शपथ ली है लेकिन वे पहले से ही क्षेत्र में काम शुरू कर चुके हैं. जीत के बाद से लगातार बांकीपुर के अलग-अलग वार्ड में वो जा रहे हैं. उन्होंने चुनाव से पहले जो भी वादा किया था उसे वो कैसे पूरा करेंगे यह सब कुछ बता रहे हैं. लोगों को आश्वासन दे रहे हैं कि हर वो काम किए जाएंगे जिससे बांकीपुर की एक अलग पहचान बनेगी.

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जन सुराज के पहले विधायक बने पीके

प्रशांत किशोर ने बांकीपुर उपचुनाव में बीजेपी के उम्मीदवार नीरज कुमार सिन्हा को हराकर जन सुराज पार्टी के पहले विधायक बने हैं. यह परिणाम चुनावी राजनीति में प्रवेश करने के बाद किशोर की पहली चुनावी जीत थी और अपेक्षाकृत नई पार्टी के लिए एक बड़ी उपलब्धि थी.

बांकीपुर सीट के लिए मतदान 30 जुलाई को हुआ था, जबकि मतगणना 3 अगस्त को हुई थी. प्रशांत किशोर ने मतगणना के दौरान अपनी बढ़त बरकरार रखी और अंततः 19,324 वोटों से जीत हासिल की. उन्हें 64,151 वोट मिले, जबकि बीजेपी के नीरज कुमार सिन्हा को 44,827 वोट प्राप्त हुए. आरजेडी की उम्मीदवार रेखा गुप्ता 14,273 वोटों के साथ तीसरे स्थान पर रहीं.

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इस परिणाम से इस निर्वाचन क्षेत्र पर भाजपा का लंबे समय से चला आ रहा वर्चस्व भी समाप्त हो गया, जिस पर पार्टी 1995 से नियंत्रण बनाए हुए थी. यह जीत विशेष रूप से महत्वपूर्ण थी क्योंकि बांकीपुर को परंपरागत रूप से बीजेपी का गढ़ माना जाता रहा है

प्रशांत किशोर अब औपचारिक रूप से विधायक के रूप में अपना कार्यकाल शुरू करेंगे. उनकी जीत ने नवगठित पार्टी को राज्य विधानसभा में पहली उपस्थिति दिलाई है और बांकीपुर उपचुनाव को बिहार में एक चर्चित राजनीतिक घटनाक्रम में बदल दिया है.

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