पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के काफिले पर बीते रविवार (09 अगस्त, 2026) को हमला हुआ था. इस पर अब तमाम दलों की ओर से प्रतिक्रियाएं आ रही हैं. ममता बनर्जी के काफिले पर हुए हमले पर केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा कि कोई भी हो, विरोध करना उसका संवैधानिक अधिकार है लेकिन अगर हिंसक प्रदर्शन होता है तो उसको रोकने के लिए जो भी किया जा सकता है, सरकार की ओर से होना चाहिए. व्यक्तिगत किसी पर हमला करना उचित नहीं है.
दूसरी ओर राष्ट्रीय लोक मोर्चा के प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा ने पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की गाड़ी पर हुए हमले पर कहा, "कहीं भी किसी पर हमला हो, लोकतंत्र में इसके लिए जगह नहीं है. ये उचित नहीं है."
आरजेडी ने कहा- हमला घोर निंदनीय
इस हमले पर आरजेडी के मुख्य प्रवक्ता शक्ति सिंह यादव ने कहा, "पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर गुंडों द्वारा किया गया जानलेवा हमला घोर निंदनीय है. लोकतंत्र में हिंसा और नफरत के लिए कोई स्थान नहीं है. एक पूर्व मुख्यमंत्री पर ऐसा कायरतापूर्ण कृत्य इसे अंजाम देने वाले राजनीतिक दल के वैचारिक और मानसिक दिवालियापन को दर्शाता है."
यह भी पढ़ें- बिहार: सरकारी स्कूलों को गोद लें, भूमिहीन विद्यालयों के लिए भी अच्छी खबर
आरजेडी नेता ने कहा, "भारतीय जनता पार्टी जिस तरह से देश में अराजकता, नफरत और हिंसा का सामान्यीकरण कर रही है, वह हमारे जनतंत्र के लिए बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और खतरनाक है. सत्ता के संरक्षण में पल रहे असामाजिक तत्वों द्वारा भारत के महान अलोकतांत्रिक व संवैधानिक मूल्यों को खुलेआम तार-तार किया जा रहा है. नफरत में अंधी हो चुकी जमात को लोकतंत्र का मर्म कभी समझ नहीं आएगा. हम इस अलोकतांत्रिक और गैर-जिम्मेदाराना कृत्य की कड़ी भर्त्सना करते हैं."
यह भी पढ़ें- झारखंड: विधानसभा घेराव के बीच गिरिराज सिंह की दो टूक, 'तिलचट्टा गैंग…'
