मोकामा विधायक अनंत सिंह पर पार्टी विरोध गतिविधियों को लेकर जेडीयू ने छह साल के लिए बाहर कर दिया है. इस बीच जेडीयू से एक और बड़ी खबर निकलकर सामने आई है. पार्टी ने बाढ़ जिला कमेटी को भंग कर दिया है. बाढ़ के जिलाध्यक्ष मयंक राज को भी तत्काल प्रभाव से पदमुक्त कर दिया है. 

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शनिवार (24 अक्टूबर, 2026) को जेडीयू की ओर से इसको लेकर पत्र जारी हुआ है. पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा ने पत्र जारी करते हुए यह एक्शन लिया है.

जेडीय ने पत्र में क्या लिखा?

मयंक राज को बाहर करते हुए पार्टी ने पत्र में लिखा है, "संगठनात्मक कार्यों में लगातार बरती जा रही शिथिलता को देखते हुए, संगठन जिला बाढ़ के जिलाध्यक्ष श्री मयंक राज को तत्काल प्रभाव से पदमुक्त करते हुए जिला कमेटी को भंग किया जाता है."

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…तो इसलिए हुई कार्रवाई?

बता दें कि बाढ़ का इलाका जो है वो मोकामा विधायक अनंत सिंह का ही क्षेत्र है. बाढ़-मोकामा में जेडीयू के कई ऐसे पदधारक हैं जो अनंत सिंह के करीबी माने जाते हैं. कहा जा रहा है कि इस बार भी जब एमएलसी चुनाव में अनंत सिंह अपने क्षेत्र में घूम रहे थे तो जिले के कई नेता-कार्यकर्ता थे वो उनके साथ देखे जा रहे थे. ऐसे में जाहिर है कि पार्टी को कार्रवाई करनी थी तो एक्शन लिया गया है. 

दूसरी ओर चर्चा है कि पार्टी ऐसे और नेताओं पर कार्रवाई कर सकती है जो जेडीयू के खिलाफ जाकर काम कर रहे हैं. दूसरी ओर यह भी कहा जा रहा है कि बिहार में आठ सीटों पर एमएलसी का चुनाव था इसलिए बीच में पार्टी इस तरह की कार्रवाई नहीं कर रही थी.

अब बाढ़ क्षेत्र में संगठन को नए सिरे खड़ा किया जाएगा. नए लोगों को जिम्मेदारी मिल सकती है. मंयक राज को ना सिर्फ अनंत सिंह बल्कि ललन सिंह का भी करीबी माना जाता है. देखना होगा कि पार्टी अब आगे और किस पर किस तरह का एक्शन लेती है.

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