जद(यू) के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने बिहार से लेकर पश्चिम बंगाल तक चल रही राजनीतिक हलचल को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि नकल में अकल गंवाने से परेशानियां होती हैं और यही हाल तथाकथित वोट चोरी के आंदोलन का है.
वोट चोरी के आरोपों पर सीधा हमला
राजीव रंजन प्रसाद ने कहा, “नकल में अकल गंवाने से परेशानियां तो होती ही हैं. इसलिए कि जो राहुल गांधी ने और तेजस्वी यादव ने बिहार में तथाकथित वोट चोरी का आंदोलन चलाया, वही दृश्य पश्चिम बंगाल में टीएमसी भी खड़ा करने की कोशिश कर रही है. लेकिन बिहार में जो हुआ, वही पश्चिम बंगाल में भी होगा.”
उन्होंने साफ किया कि एसआईआर को तय समय सीमा के भीतर पूरा किया जाना है और इसे लेकर जितना हंगामा करना है, टीएमसी के नेता कर लें.
टीएमसी की साख पर सवाल
जद(यू) प्रवक्ता ने कहा कि इस पूरे मुद्दे के बाद जनता के बीच टीएमसी की साख और विश्वसनीयता खत्म हो चुकी है. उन्होंने कहा, “हाय तौबा जितना भी टीएमसी के नेताओं को करना है, कर ले, लेकिन जनता के बीच उनकी शाख और विश्वसनीयता समाप्त हो गई है. कतई उनकी वापसी नहीं होने जा रही है और ममता की जगह वहां डबल इंजन की सरकार बनेगी.”
बंगाल में बीजेपी सरकार की जरूरत
राजीव रंजन प्रसाद ने आगे कहा, “लोगों को नौकरियां मिले, रोजगार मिले. अनावश्यक केंद्र से टकराव की वजह से जो पश्चिम बंगाल का नुकसान हुआ है. जनता अब यह महसूस करती है कि वहां बीजेपी की सरकार होनी चाहिए.”
दानापुर मुठभेड़ पर भी दिया जवाब
दानापुर में हुई मुठभेड़ को लेकर भी जद(यू) प्रवक्ता ने स्थिति स्पष्ट की. उन्होंने कहा, “बिहार में पिछले 20 वर्षों में हमने ऐसा माहौल बनाया है, जहां बड़े अपराध नहीं होते, नरसंहारों का दौर खत्म हो चुका है और सांप्रदायिक सौहार्द बना हुआ है.” राजीव रंजन प्रसाद ने आगे कहा, “जिसे गोली लगी है, वह एक अपराधी है और 2022 के अनवर आलम हत्याकांड में वांछित था.”