बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के लिए एनडीए द्वारा सीट बंटवारे की औपचारिक घोषणा के बाद राज्य की सियासत में बयानबाजी तेज हो गई है. इस बीच राजद सांसद सुधाकर सिंह ने एनडीए पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि बीजेपी अब अपने सहयोगी दलों पर हावी हो चुकी है और उसकी मंशा साफ है - "चुनाव के बाद नीतीश कुमार को राजनीतिक रूप से खत्म करना."
सुधाकर सिंह ने कहा कि बीजेपी ने सीट बंटवारे में जेडीयू और अन्य सहयोगियों का 'सम्मान खत्म' कर दिया है. उन्होंने कहा कि बीजेपी नियंत्रण करने के इरादे से जेडीयू और उसके सहयोगियों पर हावी हो रही है. उपेंद्र कुशवाहा को सिर्फ छह सीटें दी गई हैं. यही हाल जीतन राम मांझी का है- उन्हें भी 243 सीटों में से केवल छह सीटें मिली हैं. यह उनके सम्मान के अनुरूप नहीं है.
धीरे-धीरे छोटी पार्टियों का सफाया कर रही बीजेपी- सुधाकर सिंह
सुधाकर सिंह ने कहा कि मांझी के वजूद के लिए यह सबसे बड़ी चुनौती है. बीजेपी ने पहले ही इन छोटी पार्टियों का सफाया कर दिया है. अब बस औपचारिकता बाकी है. 14 तारीख के रिजल्ट के बाद जेडीयू पूरी तरह साफ हो जाएगी. उन्होंने एनडीए के सीट फॉर्मूले पर कटाक्ष करते हुए कहा कि यह बीजेपी की 'सत्ता लालसा' का उदाहरण है. बीजेपी चाहती है कि जेडीयू और अन्य दल उसकी छत्रछाया में रहें. लेकिन बिहार की जनता सब देख रही है और इस बार उन्हें जवाब देगी.
बीजेपी के सिस्टम से लड़ रहा महागठबंधन- राजद सांसद
राजद सांसद सुधाकर सिंह ने आगे कहा कि एनडीए ने सीट बंटवारे के साथ ही अपनी 'हार स्वीकार कर ली' है. उन्होंने कहा कि हमारे गठबंधन में सब कुछ तय हो चुका है. तेजस्वी यादव दिल्ली गए हैं, कल अदालत में सुनवाई है और फिर हमारी रणनीति स्पष्ट होगी. उन्होंने कहा कि इस चुनाव में राजद और महागठबंधन सिर्फ बीजेपी से नहीं, बल्कि उसके सिस्टम से लड़ रहे हैं. उन्होंने कहा कि हमें केवल बीजेपी से नहीं लड़ना है, बल्कि ईडी, सीबीआई और आयकर विभाग से भी लड़ना है, जो बीजेपी के इशारे पर काम कर रहे हैं.
जनता बदलेगी सत्ता परिवर्तन का रुख
राजद नेता के इस बयान के बाद बिहार की राजनीति में नई हलचल मच गई है. एक तरफ जहां एनडीए अपनी एकजुटता का संदेश देने में जुटा है, वहीं दूसरी ओर राजद नेता चुनाव से पहले ही बीजेपी और जेडीयू के बीच संभावित दरार का दावा कर रहे हैं. सुधाकर सिंह के मुताबिक, अब फैसला जनता करेगी और जनता का रुख इस बार सत्ता परिवर्तन की ओर है.
