बिहार सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को आधुनिक तकनीक से जोड़ने की दिशा में बड़ा कदम उठाने जा रही है. स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने घोषणा की है कि स्वास्थ्य विभाग एक AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) आधारित सॉफ्टवेयर विकसित कर रहा है, जो राज्य के अस्पतालों में ICU और सामान्य बेड की उपलब्धता की रियल-टाइम जानकारी देगा. इससे मरीजों को समय पर सही अस्पताल में भर्ती कराने में मदद मिलेगी और इलाज में होने वाली देरी कम होगी.

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यह जानकारी उन्होंने बिहार विधानमंडल में आयोजित AI (Artificial Intelligence) एवं PMIS (Project Monitoring Information System) प्रबोधन कार्यक्रम के दौरान दी. कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों को नई तकनीकों के उपयोग और शासन-प्रशासन में उनकी भूमिका से अवगत कराया गया.

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AI बताएगा किस अस्पताल में खाली है ICU बेड

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि तैयार किया जा रहा AI आधारित सिस्टम PMCH, NMCH, जिला अस्पतालों सहित अन्य सरकारी अस्पतालों में ICU और सामान्य बेड की उपलब्धता की लाइव जानकारी उपलब्ध कराएगा. इससे मरीजों को एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल रेफर करने की प्रक्रिया तेज होगी और गंभीर मरीजों को समय पर इलाज मिल सकेगा. उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में AI की भूमिका आने वाले समय में और अधिक महत्वपूर्ण होगी, इसलिए विभाग अपनी भविष्य की रणनीति को तकनीक आधारित बना रहा है.

14 हजार स्वास्थ्य केंद्र होंगे डिजिटल नेटवर्क से जुड़े

निशांत कुमार ने बताया कि राज्य के 14,000 से अधिक स्वास्थ्य केंद्रों को VoIP फोन और वीडियो तकनीक के जरिए आपस में जोड़ा जा रहा है. इससे डॉक्टरों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा और दूर-दराज के अस्पतालों को विशेषज्ञ चिकित्सकों की सलाह तुरंत मिल सकेगी. सरकार का लक्ष्य है कि आधुनिक तकनीक के माध्यम से ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों तक भी गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाई जाएं.

PMIS से होगी योजनाओं की पारदर्शी निगरानी

कार्यक्रम में PMIS पोर्टल की उपयोगिता पर भी विस्तार से चर्चा की गई. मंत्री ने बताया कि इस पोर्टल के माध्यम से मुख्यमंत्री क्षेत्र विकास योजना सहित विभिन्न विकास परियोजनाओं की निगरानी अधिक प्रभावी, पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से की जा सकेगी. इसके अलावा AI की मदद से नागरिकों की शिकायतों का विश्लेषण, योजनाओं के संभावित प्रभाव का आकलन और स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि, ग्रामीण विकास तथा समाज कल्याण जैसी योजनाओं का लाभ सही लाभार्थियों तक पहुंचाने में भी सहायता मिलेगी.

'तकनीक बनेगी सुशासन और बेहतर जनसेवा का आधार'

निशांत कुमार ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल सरकारी व्यवस्था का डिजिटलीकरण नहीं, बल्कि तकनीक के माध्यम से आम लोगों तक तेज, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण सेवाएं पहुंचाना है. उन्होंने कहा कि AI आधारित स्वास्थ्य व्यवस्था मरीजों के लिए राहत का बड़ा माध्यम बनेगी और भविष्य में बिहार की चिकित्सा सेवाओं को नई दिशा देगी.

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