विश्व कप शुरू होने में सिर्फ 8 महीने का समय बचा है लेकिन टीम इंडिया की एक समस्या अभी तक नहीं सुलझी है और वह है टीम कॉम्बिनेशन. 2015 विश्व कप के बाद से ही टीम में कई बदलाव हुए लेकिन समस्या अभी तक वहीं है जहां पहले थी. अब एशिया कप के शुरू होने से पहले भारतीय कप्तान रोहित शर्मा ने कहा है कि उन्हें इस टूर्नामेंट के सहारे टीम कॉम्बिनेशन को सुधारने में मदद मिलेगी.

भारत को वनडे में अभी भी मिडिल ऑर्डर में सही कॉम्बिनेशन की की जरूरत है. अभी तक पूर्व कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी का बल्लेबाजी क्रम तय नहीं हो पाया है जबकि पांचवें और छठे नंबर को लेकर भी काफी बदलाव देखने को मिले हैं. तेज गेंदबाजी में भुवनेश्वर कुमार और जसप्रीत बुमराह का स्थान तो पक्का है लेकिन इंग्लैंड में होने वाले विश्व कप के लिए तीसरे तेज गेंदबाज कौन होंगे इस पर भी असमंजस बरकरार ही है.

यह पूछने पर कि क्या अगले साल इंग्लैंड में होने वाले विश्व कप की तैयारी के लिये एशिया कप अहम होगा, रोहित ने कहा ,‘‘ आप ऐसा कह सकते हैं. हर टीम विश्व कप में सकारात्मक सोच के साथ उतरना चाहती है लेकिन हमें इतना आगे के बारे में नहीं सोचना चाहिये. एशिया कप हर टीम को विश्व कप से पहले संयोजन ठीक करने का मौका देता है.’’

कप्तानों की प्रेस कांफ्रेंस के दौरान रोहित ने कहा कि विश्व कप दिमाग में होगा लेकिन अभी मैच दर मैच रणनीति बनानी होगी.

उन्होंने कहा ,‘‘मुझे नहीं पता कि मैथ्यूज, सरफराज या मशरेफी इसे कैसे देखते हैं और उनकी क्या ताकत या कमजोरियां है लेकिन हम टूर्नामेंट में मैच के साथ साथ बाकी टीमों को समझेंगे.’’

उन्होंने कहा ,‘‘विश्व कप में अभी काफी समय है. हमें उससे पहले काफी मैच खेलने हैं. कई खिलाड़ियों को विश्व कप टीम में जगह बनाने का मौका मिलेगा. यह सही संयोजन तलाशने का बेहतरीन मंच है.’’