मशहूर खिलाड़ी की मौत के बाद परिवार ने लिया बड़ा फैसला, CTE सेंटर को डोनेट किया उनका दिमाग
Claude Lemieux: NHL के दिग्गज क्लाउड लेमियू ने खुदकुशी कर ली, वह 60 साल के थे. उनका शव उनकी दूकान में लटका हुआ मिला. परिवार ने अब उनके दिमाग को CTE सेंटर में डोनेट करने का फैसला किया है.

क्लाउड लेमियू के परिवार ने बताया कि उनका दिमाग CTE सेंटर में डोनेट किया जाएगा. बता दें कि NHL के दिग्गज खिलाड़ी लेमियू ने गुरुवार को आत्महत्या कर ली थी. वह 60 साल के थे. उनकी बॉडी उनकी दुकान में लटकी हुई मिली थी. परिवार ने दिमाग डोनेट करने का फैसला इसलिए किया ताकि दिमाग पर लगने वाली चोटों और लंबे समय तक उसके प्रभावों पर रिसर्च की जा सके.
चार बार के स्टेनली कप चैंपियन क्लाउड लेमियू अपनी उस फर्नीचर की दुकान में मृत पाए गए थे, जिसके मालिक वह और उनकी पत्नी थी. मौत से कुछ दिन पहले वह बेल सेंटर में ईस्टर्न कॉन्फ्रेंस फाइनल के तीसरे गेम के दौरान मशाल वाहक की भूमिका में थे, उनके किसी तरह परेशान होने की कोई खबर नहीं थी.
लेमियू की बेटी क्लाउडिया ने परिवार की ओर से जारी बयान में कहा, "इस उम्मीद के साथ कि क्लाउड का जीवन उनके जाने के बाद भी दूसरों की मदद करता रहेगा, उनके दिमाग को बोस्टन यूनिवर्सिटी के CTE सेंटर में स्थित UNITE ब्रेन बैंक को डोनेट करने का फैसला किया है. इसका मकसद सिर पर कई बार लगने वाली चोटों के साथ गंभीर चोटों के लंबे समय तक बने रहने वाले प्रभावों पर रिसर्च करना है."
उनके बयान में आगे कहा गया "परिवार इस बात पर जोर देता है कि यह फैसला विज्ञान, एथलीटों और उन आने वाली पीढ़ियों के परिवारों के लिए एक तोहफा है जो इसका जवाब ढूंढ रहे हैं. इस समय किसी भी डायग्नोसिस के संबंध में कोई निष्कर्ष नहीं निकाला जाना चाहिए."
उनके परिवार की तरफ से आगे कहा गया, "क्लाउड ने अपने खेल के बाद का करियर आने वाली पीढ़ी की मदद करने के लिए समर्पित कर दिया था. उनके दिमाग को डोनेट करने के फैसले से हम उम्मीद करते हैं कि उनका जीवन आने वाले सालों में एथलीटों और उनके परिवारों के लिए बेहतर समझ, ज्यादा खुली बातचीत और बेहतर सुरक्षा में योगदान दे सकेगा.
क्लाउड लेमियू ने इंटरनेशनल टूर्नामेंट्स में 3 बार कनाडा टीम का प्रतिनिधित्व किया. उन्होंने 1985 में आयोजित वर्ल्ड जूनियर चैंपियनशिप में 3 गोल, 2 असिस्ट करके कनाडा को उनका दूसरा वर्ल्ड जूनियर स्वर्ण पदक दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. वह 1987 में कनाडा कप की विजेता टीम के सदस्य थे.

























