Fire Gadget Risk : घर में रखे ये गैजेट्स भी बन सकते हैं आग लगने की वजह, आज ही बना लें दूरी

गर्मी का मौसम आते ही आग लगने की घटनाएं तेजी से बढ़ने लगती हैं. लोग अक्सर यह मानते हैं कि आग सिर्फ गैस सिलेंडर, रेस्टोरेंट या फैक्ट्री जैसी जगहों पर ही लगती है, लेकिन हमारे घरों में मौजूद कई दूसरे इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स भी आग का बड़ा कारण बन सकते हैं. इनमें थोड़ी सी लापरवाही, खराब वेंटिलेशन, ओवरलोडिंग या गलत तरीके से यूज किए गए डिवाइस कभी भी बड़े हादसे में बदल सकते हैं. हाल ही में देश के कई हिस्सों में हुए भीषण अग्निकांडों ने एक बार फिर फायर सेफ्टी को लेकर चिंता बढ़ा दी है. विशेषज्ञों का कहना है कि घर में यूज होने वाले कुछ सामान्य डिवाइस भी गर्मी के मौसम में ज्यादा गर्म होकर शॉर्ट सर्किट, स्पार्किंग या आग का कारण बन सकते हैं. ऐसे में जरूरी है कि समय रहते इन खतरों को पहचाना जाए और सावधानी बरती जाए. तो आइए जानते हैं कि घर में रखे कौन से गैजेट्स आग लगने की वजह बन सकते हैं.
आज लगभग हर व्यक्ति स्मार्टफोन और पावर बैंक का यूज करता है, लेकिन चार्जिंग के दौरान इन्हें बेड, तकिए या कंबल पर रखना बेहद खतरनाक हो सकता है. ऐसी जगहों पर गर्मी बाहर नहीं निकल पाती और डिवाइस जरूरत से ज्यादा गर्म हो सकता है. इसके अलावा लोकल या सस्ते चार्जर का यूज करने से बैटरी खराब होने और ब्लास्ट का खतरा बढ़ जाता है. गर्मी के मौसम में इन डिवाइसों को धूप में छोड़ना भी जोखिम भरा हो सकता है.
बिजली कटौती के समय इन्वर्टर काफी काम आता है, लेकिन इसकी बैटरी गर्मियों में तेजी से गर्म हो सकती है. अगर इन्वर्टर को किसी बंद कमरे, स्टोर रूम या ऐसी जगह रखा गया है जहां हवा का आना जाना नहीं है, तो बैटरी ओवरहीट होकर लीक हो सकती है या आग पकड़ सकती है, इसलिए इन्वर्टर और बैटरी को हमेशा ऐसी जगह रखें जहां सही वेंटिलेशन हो और समय समय पर उसकी जांच भी करते रहें.
एक्सटेंशन बोर्ड का यूज लगभग हर घर में होता है, लेकिन एक ही बोर्ड पर कई हाई पावर डिवाइस जैसे फ्रिज, माइक्रोवेव, हीटर, एसी या मोटर चलाना खतरनाक साबित हो सकता है. ज्यादा लोड पड़ने से तार गर्म होने लगते हैं और शॉर्ट सर्किट का खतरा बढ़ जाता है. कई बार यही छोटी सी गलती बड़े अग्निकांड का कारण बन जाती है. लैपटॉप और गेमिंग कंप्यूटर लंबे समय तक चलने पर काफी गर्म हो जाते हैं. अगर इनके अंदर धूल जमा हो जाए तो कूलिंग फैन सही तरीके से काम नहीं कर पाते हैं. इससे सिस्टम ओवरहीट होने लगता है और स्पार्किंग या आग लगने का खतरा बढ़ सकता है. विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि लैपटॉप को हमेशा फ्लेट और हार्ड जगह पर रखें. साथ ही समय समय पर उसकी सफाई कराते रहें.
लैपटॉप और गेमिंग कंप्यूटर लंबे समय तक चलने पर काफी गर्म हो जाते हैं. अगर इनके अंदर धूल जमा हो जाए तो कूलिंग फैन सही तरीके से काम नहीं कर पाते हैं. इससे सिस्टम ओवरहीट होने लगता है और स्पार्किंग या आग लगने का खतरा बढ़ सकता है. विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि लैपटॉप को हमेशा फ्लेट और हार्ड जगह पर रखें. साथ ही समय समय पर उसकी सफाई कराते रहें.
कई घरों में टीवी दिनभर चलता रहता है. अगर टीवी और सेट टॉप बॉक्स के पीछे पूरी जगह नहीं छोड़ी जाती, तो उनमें पैदा होने वाली गर्मी बाहर नहीं निकल पाती है. लगातार गर्म रहने से इनके अंदर मौजूद इलेक्ट्रॉनिक पार्ट्स खराब हो सकते हैं और आग लगने का खतरा बढ़ सकता है. इसलिए टीवी यूनिट बनवाते समय उसके पीछे खाली जगह जरूर रखें.
कई लोग रातभर मोबाइल, लैपटॉप या अन्य डिवाइस को चार्जिंग पर लगाए रखते हैं. यह आदत न केवल बैटरी की लाइफ कम करती है बल्कि आग लगने का खतरा भी बढ़ा सकती है. डिवाइस फुल चार्ज होने के बाद भी लगातार बिजली मिलने से गर्मी पैदा होती रहती है. इसलिए कोशिश करें कि डिवाइस पूरी तरह चार्ज होते ही प्लग निकाल दें और रातभर चार्जिंग से बचें.