Smartphone Tips : आपका नया फोन सच में नया है या नहीं? ऐसे करें तुरंत चेक

स्मार्टफोन खरीदना आज हर किसी के लिए आम बात हो गई है. स्मार्टफोन हमारी डेली लाइफ का जरूरी हिस्सा बन चुका है. ऑनलाइन पढ़ाई हो, ऑफिस का काम, डिजिटल पेमेंट या मनोरंजन, लगभग हर काम मोबाइल फोन के जरिए ही होता है. ऐसे में नया स्मार्टफोन खरीदते समय हर कोई चाहता है कि उसे ओरिजिनल और अच्छी क्वालिटी का डिवाइस मिले, लेकिन कई बार लोग अनजाने में नकली स्मार्टफोन खरीद लेते हैं. कई बार ऐसे मामले भी सामने आते हैं, जहां Oppo, OnePlus और Realme जैसे बड़े ब्रांड्स के नाम पर नकली मोबाइल फोन और एक्सेसरीज बनाई और बेची जाती हैं. ऐसे में नया फोन खरीदते समय कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है. तो आइए आज हम आपको बताते हैं कि आपका नया फोन सच में नया है या नहीं कैसे तुरंत चेक करें.
किसी भी स्मार्टफोन के असली या नकली होने की पहचान करने का सबसे आसान तरीका उसका IMEI नंबर चेक करना है. हर मोबाइल फोन का IMEI नंबर अलग होता है और यही उसकी यूनिक पहचान माना जाता है. IMEI नंबर जानने के लिए अपने फोन से *#06# डायल करें. इसके बाद स्क्रीन पर दिखाई देने वाले IMEI नंबर को फोन के बॉक्स पर छपे नंबर से मिलाएं.
स्मार्टफोन खरीदते समय मिले बिल पर लिखा IMEI नंबर भी फोन और बॉक्स पर दिए गए नंबर से मैच होना चाहिए. अगर तीनों जगह IMEI नंबर अलग-अलग हैं या फोन में IMEI नंबर नहीं दिख रहा है, तो यह नकली डिवाइस होने का संकेत हो सकता है. आप भारत सरकार के CEIR पोर्टल या Know Your Mobile (KYM) के जरिए भी IMEI नंबर की जांच कर सकते हैं.
अगर आप ऑनलाइन जांच करना चाहते हैं, तो सबसे पहले CEIR की आधिकारिक वेबसाइट खोलें. वहां अपना मोबाइल नंबर दर्ज करें और OTP वेरीफाई करने के बाद फोन का IMEI नंबर डालें. इसके बाद आपको पता चल जाएगा कि आपका मोबाइल असली है या नहीं. इसके अलावा SMS के जरिए भी जांच की जा सकती है. इसके लिए मैसेज बॉक्स में KYM लिखें, फिर स्पेस देकर अपना 15 अंकों का IMEI नंबर लिखें और इसे 14422 पर भेज दें. अगर जवाब में IMEI IS VALID लिखा आता है, तो आपका मोबाइल असली है.
फोन का बॉक्स भी बहुत कुछ बता देता है. ओरिजिनल स्मार्टफोन के बॉक्स पर अच्छी क्वालिटी की सील, सीरियल नंबर और जरूरी सर्टिफिकेशन मार्क्स दिए जाते हैं. इसके अलावा बॉक्स मजबूत होता है और उसकी प्रिंटिंग भी साफ दिखाई देती है. वहीं नकली स्मार्टफोन के बॉक्स में अक्सर कई कमियां दिखाई देती हैं. बॉक्स की क्वालिटी कमजोर हो सकती है, रंग हल्के या फीके दिख सकते हैं, स्पेलिंग की गलतियां मिल सकती हैं या ब्रांड का लोगो धुंधला नजर आ सकता है. कई मामलों में वारंटी से जुड़ी जरूरी जानकारी भी बॉक्स पर नहीं होती है.
अगर ऑफलाइन खरीद रहे हैं, तो यह भी जांच लें कि दुकानदार रजिस्टर्ड सेलर है या नहीं, जरूरत पड़ने पर उसका GST नंबर भी देखा जा सकता है. वहीं ऑनलाइन खरीदारी करते समय ऑर्डर देने से पहले सेलर की जानकारी जरूर जांच लें. फोन खरीदने के बाद GST बिल, ओरिजिनल खरीद रसीद और वारंटी कार्ड जरूर लें. अगर कोई बिना GST बिल के फोन बेच रहा है या बाजार कीमत से बहुत कम दाम पर फोन ऑफर कर रहा है, तो यह सावधानी बरतने का संकेत हो सकता है.
नकली स्मार्टफोन की पहचान उसके इस्तेमाल के दौरान भी हो सकती है. ऐसे फोन अक्सर धीमे चलते हैं, बार-बार हैंग होते हैं या उनमें ऐप्स सही तरीके से काम नहीं करते हैं. इसके अलावा कैमरे की क्वालिटी कमजोर हो सकती है, फोन जल्दी गर्म हो सकता है, बटन ढीले महसूस हो सकते हैं या ऐप्स अचानक बंद हो सकते हैं. कई बार इनमें ऑफिशियल एंड्रॉयड की तरह सिक्योरिटी अपडेट और सॉफ्टवेयर अपडेट भी नहीं मिलते, क्योंकि ये मॉडिफाइड ऑपरेटिंग सिस्टम पर चलते हैं. ऐसे फोन में Google Play Store से ऐप डाउनलोड करने में भी दिक्कत आ सकती है.