Pune News:शिक्षा का संदेश दे रहीं पुणे की गुलनार..खुद मुश्किलों से जूझी, आज बच्चों को बना रही शिक्षित
Pune News: शिक्षा (Education) हमेशा से ही एक ऐसा मुद्दा रहा है जिसे लेकर लगातार चर्चा होती रही है. हर सरकार इसे बेहतर करने का दावा करती रही है. लेकिन देश की ज्यादा आबादी कहें या फिर संसाधनों की कमी या हालात, कई बच्चे शिक्षा से महरूम रह जाते हैं. ऐसे ही बच्चों के लिए एक महिला ने सुंदर पहल की है. महाराष्ट्र के पुणे (Pune) में रहने वाली गुलनार (Gulnar) ने स्लम के बच्चों को पढ़ाने का बीड़ा उठाया है. खास बात ये कि गुलनार खुद मनचाही पढ़ाई नहीं कर पाई. लेकिन वो मुश्किलों से जूझ रहे बच्चों को पढ़ाकर अपना सपना पूरा कर रही हैं.
दरअसल गुलनार कभी स्कूल जा ही नहीं पाई थीं. गुलनार बताती हैं कि मैं स्कूल कभी नहीं गई क्योंकि हमारे मोहल्ले में सिर्फ कुछ लड़के ही स्कूल जाते थे. हम अपने इमामबाड़ा के मदरसे में पढ़ते थे.
वहीं पर हमें इंग्लिश पढ़ाई जाती थी. मुझे पढ़ाने का शौक था इसलिए मैंने 4 बच्चों से पढ़ाना शुरू किया. मैं करीब 9 साल से इमामबाड़ा में पढ़ा रही हूं और यहां वो बच्चे आते हैं जो कोरोना की वजह से स्कूल नहीं जा पा रहे.
वहीं बच्चों को पढ़ाने के साथ-साथ गुलनार खुद भी पढ़ाई कर रही हैं. गुलनार 12वीं की तैयारी कर रही हैं. उनका कहना है कि मैं टीचर बनना चाहती हूं,अभी मैं 12वीं की तैयारी कर रही हूं इसके बाद मैं टीचिंग का कोर्स करूंगी.
उनका कहना है कि मैं इमामबाड़ा में खुद पढ़ती हूं और शाम के समय बच्चों को पढ़ाती हूं. मैं स्कूल इसलिए नहीं गई क्योंकि उस समय के माहौल की वजह से घर वाले सोचते थे कि क्या लड़कियों को इतनी दूर भेजे इसलिए वो हमें स्कूल नहीं भेजते थे.