UN में 'जहर की खेती' कर रहा था पाकिस्तान तो भड़क गया तालिबान, लगा दी फटकार
पाकिस्तान के बुरे दिन चल रहे हैं और यह बुरे दिन खत्म होने का नाम नहीं ले रहे. पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने यूएन में जाकर भारत के कश्मीर को लेकर जिस तरह की बयान बाजी की इसका करारा जवाब भारत की तरफ से दे दिया गया है. भारत की ओर से पाकिस्तान के प्राइम मिनिस्टर को बता दिया गया कि उन्हें एक न एक दिन पीओके खाली करना ही होगा.
पाकिस्तान आतंकवाद का समर्थक रहा है, जिस तरह से पाकिस्तान ड्रग्स नारकोटिक्स के लिए पूरी दुनिया में बदनाम हो रहा है उसे देखते हुए भारत कहीं से भी अपने स्टैंड से पीछे नहीं होने वाला है. भारत ने जवाब दिया, जिसके बाद तालिबानी प्रशासन ने भी पाकिस्तान की धुलाई कर दी है. पाकिस्तान के पीएम शाहबाज शरीफ ने यूएन में जाकर तालिबानी जमीन को लेकर जो टिप्पणी की उससे तालिबानी प्रशासन खासा नाराज हो गया है.
शाहबाज शरीफ ने यूएन में कहा था कि हम अंतरराष्ट्रीय उम्मीदों का समर्थन करते हैं और साझा करते हैं कि अफगानिस्तान अंतरिम सरकार महिलाओं और लड़कियों के अधिकारों सहित मानवाधिकारों का सम्मान करेंगी और राजनीतिक समावेश को बढ़ावा देगी.
शाहबाज शरीफ ने कहा था कि विशेष रूप से अंतरिम सरकार को अफगानिस्तान के भीतर सभी आतंकवादी समूहों को बेअसर करने के लिए प्रभावी कार्यवाही करनी चाहिए. खासतौर से पड़ोसी देशों के खिलाफ सीमा पार आतंकवाद के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए.
शहबाज शरीफ में इस बात का भी जिक्र किया कि पाकिस्तान के खिलाफ सबसे ज्यादा हमले करने वाला टीटीपी को भी अफगानिस्तान प्रशासन का ही शरण है. इस बयान के बाद इस्लामिक अमीरात ऑफ अफगानिस्तान खासा नाराज हो गया है. इस्लामी अमीरात के विदेश मंत्रालय के डिप्टी प्रवक्ता ने कहा है कि जो अंतरिम सरकार है वह क्षेत्रीय शांति पर जोर देती है और अपने जमीन पर किसी भी तरह के आतंकवादी गुट का समर्थन नहीं करती है.
उन्होंने कहा कि अफगानिस्तान किसी भी तरह से किसी भी देश के लिए खतरा नहीं है. वह किसी भी आतंकवादी गुट को अपनी जमीन का इस्तेमाल नहीं करने देते हैं, जिस किसी देश को खतरा. अफगानिस्तान के इस बयान से यह साफ नजर आ रहा है कि वह अपनी जमीन पर आतंकवाद का इस्तेमाल नहीं होने देंगे.
तालिबानी प्रशासन ने पाकिस्तानी पीएम का बयान का काउंटर किया है उसे एक बात साफ है कि कहीं ना कहीं तालिबानी प्रशासन पाकिस्तानी पीएम की ओर से यूएन में दिए बयान को झूठ बता रहा है. हालांकि, सच क्या है यह तो पूरी दुनिया जानती है. वहीं जिस तरह से तालिबान पाकिस्तान को आड़े हाथों ले रहा है उसे देख कर लग रहा है कि दोनों देशों के बीच संघर्ष भरे हो सकते हैं.