Puja Rules: पूजा शुरू करने से पहले जान लें ये 5 जरूरी नियम, वरना मिलेगा अधूरा फल!
हिंदू धर्म में पूजा-पाठ से जुड़े कुछ ऐसे नियमों के बारे में बताया गया है, जिनका पालन करना बेहद ही जरूरी है. पूजा करते समय इन नियमों को अनदेखा करना से पूजा का फल प्राप्त नहीं होता है. जानिए पूजा से 5 नियम जिसके बारे में कम लोगों को ही पता है.
कभी भी दोपहर 12 से लेकर 4 बजे तक किसी भी तरह का पूजा-पाठ नहीं करना चाहिए. ऐसा करने से पूजा का फल प्राप्त नहीं होता है. इसके साथ ही दोपहर का ये समय भगवान के विश्राम करने का होता है.
घर में किसी बच्चे का जन्म हुआ है तो घर में रखी मूर्तियों की पूजा करने से बचना चाहिए. इसके अलावा जबतक सूतक हटता नहीं, तबतक भगवान की पूजा करने से बचना चाहिए.
घर में पूजा करते वक्त पंचदेव की पूजा-अर्चना करना बेहद जरूरी है. ऐसा करने से घर में सदैव सकारात्मक वातावरण का महौल बना रहता है. इसके साथ ही पितरों का भी आशीर्वाद प्राप्त होता है. पंचदेव में गणेश, शिव, विष्णु, दुर्गा और सूर्य भगवान आते हैं.
कभी भी धार्मिक अनुष्ठान या पूजा करते समय भगवान को अनामिका उंगली (सबसे छोटी उंगली के पास वाली उंगली) का ही इस्तेमाल करना चाहिए.
घर में पूजा के बाद आरती हमेशा खड़े होकर ही करनी चाहिए. साथ ही पूजा के बाद गंगाजल युक्त जल पूरे घर में छिड़कें. ऐसा करने से घर की नकारात्मक ऊर्जा और अशुद्धता दूर होती है.