Gemstone: शादी में आ रही हैं रुकावटें? जानें कौन सा रत्न लाएगा शुभ योग!
अगर आपके विवाह में बार-बार बाधा आ रही है, रिश्ते बनते तो है लेकिन टूट जाते हैं. वैवाहिक जीवन में खुशहाली नहीं है, तो ज्योतिष के अनुसार इसका कारण कुंडली में कमजोर गुरु हो सकता है. लेकिन रत्न शास्त्र के अनुसार आप पुखराज रत्न धारण कर इन समस्याओं से निजात पा सकते हैं. इसकी ऊर्जा से आप मनचाहा जीवन साथी ढूंढ सकते हैं.
पुखराज धारण करने से विवाह में हो रही देरी की समस्या खत्म होगी. आपका सुखी वैवाहिक जीवन होगा. यह पति-पत्नी के बीच बढ़ाता है. साथ ही में भी पढ़ाई में तरक्की दिलाता है. यह रत्न धन संबंधी परेशानियों को कम करता है.
पुखराज सही तरीके से धारण करने से ही उसका पूरा लाभ मिलता है.इसे धारण करने का सही दिन गुरुवार है. और इसे सूर्योदय के समय धारण करना चाहिए. इसे सोने या चांदी की अंगूठी में जड़वाएं और दाहिने हाथ की तर्जनी उंगली में पहनें.
रत्न पहनने से पहले उसे शुद्ध करना आवश्यक है: रत्न को हल्दी मिले पानी में रात भर डुबोकर रखें. जाप: अगले दिन पहनने से पहले भगवान विष्णु के मंत्र ॐ बृं बृहस्पतये नमः का 108 बार जाप करें.
पुखराज पहनने के पहले सावधानी भी बरतनी चाहिए. हमेशा असली और प्रमाणित पुखराज ही पहनना चाहिए. कभी भी बिना किसी योग्य ज्योतिषाचार्य की सलाह के पुखराज न पहनें.
हर व्यक्ति की कुंडली और ग्रहों की स्थिति अलग होती है. यदि आपकी कुंडली में गुरु ग्रह पहले से ही अच्छी स्थिति में है, तो पुखराज पहनना नुकसानदायक हो सकता है. इसलिए, गलत रत्न या गलत विधि से पहनने पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है.